महापुरुषों के विचारों को जीवन में उतारकर राष्ट्र निर्माण में योगदान दें युवा : प्रांत प्रचारक

WhatsApp Channel Join Now
महापुरुषों के विचारों को जीवन में उतारकर राष्ट्र निर्माण में योगदान दें युवा : प्रांत प्रचारक


कानपुर, 25 सितंबर (हि.स.)। युवाओं को अपनी जड़ों और संस्कारों से जुड़े रहकर कड़ा परिश्रम करना चाहिए और समाज को साथ लेकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए। सच्ची सफलता व्यक्तिगत उन्नति में नहीं, बल्कि विपरीत परिस्थितियों में संघर्ष करते हुए राष्ट्र और समाज के काम आने में है। यह बात शुक्रवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के कानपुर प्रांत के प्रांत प्रचारक श्रीराम ने कही।

नवाबगंज स्थित पं. दीनदयाल उपाध्याय सनातन धर्म विद्यालय में शुक्रवार को पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर युवा संवाद कार्यक्रम आयोजित हुआ। मुख्य अतिथि श्रीराम, विद्यालय की प्रबंधक नीतू सिंह, प्रधानाचार्य राकेश राम त्रिपाठी और अन्य पदाधिकारियों ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के चित्र पर माल्यार्पण व पुष्प अर्पित कर दीप प्रज्ज्वलित किया।

प्रांत प्रचारक ने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन सामाजिक समरसता और आदर्श शासन का उदाहरण है। उन्होंने एकात्म मानववाद और अंत्योदय के विचारों को रेखांकित करते हुए कहा कि महापुरुषों का जीवन समाज की वैचारिक पूंजी है। आधुनिक भारत की प्रगति का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि युवा अंतरिक्ष विज्ञान में नए कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं। आईआईटी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसी आधुनिक तकनीक युवाओं को वैश्विक स्तर पर आगे बढ़ने के अवसर दे रही हैं। तकनीक और संस्कारों का समन्वय मानव कल्याण के लिए होना चाहिए।

विद्यालय की प्रबंधक नीतू सिंह ने कहा कि शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के उद्देश्य से विद्यालय का नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय के नाम पर रखा गया है। अंत्योदय और एकात्म मानववाद का दर्शन विद्यालय की शिक्षा पद्धति का आधार रहेगा।

कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने देश, पर्यावरण और संस्कृति से जुड़े सवाल मुख्य अतिथि से पूछे। उन्होंने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का सरल और ज्ञानवर्धक तरीके से समाधान किया। कक्षा आठ की अनन्या गुप्ता, कक्षा नौ की काव्या शर्मा, दिव्यांशी मिश्रा और अक्षत श्रीवास्तव ने एकल गीत प्रस्तुत किया। कक्षा 11 के छात्र दिव्य त्रिवेदी ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के आर्थिक चिंतन, अंत्योदय दर्शन और भारत के विकास में योगदान पर भाषण दिया। संचालन कक्षा 10 के छात्र शिवम ने किया।

समारोह में 2000 से अधिक छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और गणमान्य नागरिकों ने एक सुर में संपूर्ण वंदे मातरम् का सामूहिक गान किया। इससे विद्यालय परिसर देशभक्ति की भावना से गूंज उठा। अंत में प्रधानाचार्य राकेश राम त्रिपाठी ने मुख्य अतिथि, विद्यालय प्रबंध समिति और शिक्षकों का आभार जताया।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

Share this story