योगी सरकार ने सिंचाई परियोजनाओं को दी रफ्तार, 2380 करोड़ रुपये की मंजूरी से आ रहा बदलाव
बाढ़ सुरक्षा से जुड़े काम के लिए स्वीकृत 1,009 करोड़ रुपये, अब तक 244 परियोजनाएं पूरी हुईं
सिंचाई क्षमता बढ़ाने पर योगी सरकार का जोर, हजारों हेक्टेयर क्षेत्र में मिला लाभ
चार जिलों में प्रमुख सिंचाई परियोजनाओं से करीब 40 हजार किसान लाभान्वित
लखनऊ, 18 अगस्त। योगी सरकार प्रदेश में सिंचाई और बाढ़ सुरक्षा परियोजनाओं को तेजी से पूरा कर किसानों और आमजन को राहत देने पर जोर दे रही है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में 1,070 सिंचाई परियोजनाओं के लिए करीब 2,380.69 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। वहीं बाढ़ सुरक्षा परियोजनाओं के लिए 1,009.99 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं। सरकार के प्रयासों से अब तक 244 बाढ़ परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, जिससे प्रभावित क्षेत्रों में बाढ़ से सुरक्षा और राहत व्यवस्था मजबूत हुई है।
जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के मुख्यालय में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में यह जानकारी दी गई। उन्होंने जनहित की परियोजनाओं को समय पर पूरा करने और निर्माण कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परियोजनाओं में किसी भी तरह की लापरवाही या अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जलशक्ति मंत्री ने कहा कि परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने के साथ उनकी गुणवत्ता भी सुनिश्चित की जाए। निर्माण सामग्री, तकनीकी मानकों और स्वीकृत डिजाइन के अनुरूप ही काम होना चाहिए। गुणवत्ता में कमी मिलने पर संबंधित अधिकारी और कार्यदायी संस्था की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
1070 परियोजनाओं के लिए 2380.69 करोड़ रुपये
वित्तीय वर्ष 2026-27 में सिंचाई परियोजनाओं के लिए 1,070 परियोजनाओं को पहली किस्त के रूप में करीब 2,380.69 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति मिली है। इनमें नई और पहले से संचालित परियोजनाएं शामिल हैं। अब तक इन परियोजनाओं पर करीब 576.41 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं।
बाढ़ सुरक्षा के लिए 1009.99 करोड़ रुपये
प्रदेश में बाढ़ से बचाव और सुरक्षा को लेकर भी सरकार ने बड़ी पहल की है। चालू वित्तीय वर्ष में बाढ़ परियोजनाओं के लिए 1,009.99 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। अब तक 244 बाढ़ परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं। इससे बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हुई है और लोगों को राहत मिली है।
39,250 हेक्टेयर सिंचाई क्षमता बढ़ी
वित्तीय वर्ष 2025-26 में पूरी हुई चार प्रमुख परियोजनाओं से महराजगंज, कन्नौज, उन्नाव और ललितपुर में 39,250 हेक्टेयर सिंचन क्षमता सृजित या पुनर्स्थापित हुई है। इससे करीब 40 हजार किसान लाभान्वित हुए हैं। यह उपलब्धि प्रदेश में सिंचाई सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
मध्यगंगा परियोजना से 57 हजार हेक्टेयर को लाभ
मध्यगंगा द्वितीय चरण परियोजना में चंदौसी शाखा के गैप्स को पूरा कराया गया है। इससे 57,000 हेक्टेयर सिंचन क्षमता सृजित हुई है। इससे किसानों को पर्याप्त सिंचाई सुविधा मिलने के साथ कृषि उत्पादन बढ़ाने में भी मदद मिलेगी।
कागजी रिपोर्ट नहीं, मौके पर होगी जांच
मंत्री ने मुख्य अभियंताओं को निर्देश दिया कि परियोजनाओं की समीक्षा केवल कागजी रिपोर्ट के आधार पर न हो। अधिकारी मौके पर जाकर वास्तविक स्थिति देखें। पूरी हो चुकी परियोजनाओं का भी स्थलीय निरीक्षण कर यह सुनिश्चित किया जाए कि किसानों, ग्रामीणों और आम लोगों को उनका वास्तविक लाभ मिल रहा है।

