नवरात्र चतुर्थी पर विंध्यधाम में आस्था का सैलाब, 09 लाख भक्तों ने किए दर्शन
मीरजापुर, 22 मार्च (हि.स.)। चैत्र नवरात्र की चतुर्थी तिथि पर रविवार को मां विंध्यवासिनी धाम में आस्था का अभूतपूर्व जनसैलाब उमड़ पड़ा। जगत कल्याणी मां के दरबार में शीश नवाने के लिए सुबह से देर शाम तक श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। अनुमानित करीब नौ लाख भक्तों ने दर्शन-पूजन कर मंगलकामना की।
भोर में मंगला आरती और श्रृंगार पूजन के बाद जैसे ही कपाट खुले, भक्तों की लंबी कतारें मंदिर तक पहुंच गईं। गंगा स्नान कर घंटों कतार में खड़े रहने के बाद श्रद्धालुओं ने मां के दिव्य स्वरूप का दर्शन किया और भावविभोर हो उठे। पूरे दिन मंदिर परिसर घंटा-घड़ियाल, शंख और नगाड़ों की गूंज के साथ “जय मां विंध्यवासिनी” के जयकारों से गुंजायमान रहा।
त्रिकोण परिक्रमा पथ पर स्थित महाकाली और मां अष्टभुजी के दरबार में भी भारी भीड़ उमड़ी रही। अष्टभुजा पहाड़ और काली खोह पर दूर-दराज से आए संत-महात्मा और साधक पूजन-अनुष्ठान में तल्लीन दिखे। गुड़हल, कमल और गुलाब के पुष्पों से सजे देवी स्वरूप के दर्शन कर श्रद्धालु निहाल हो उठे।
गंगा घाटों पर भी स्नान-ध्यान के लिए श्रद्धालुओं का रेला लगा रहा। दर्शन के बाद श्रद्धालुओं ने विंध्य की गलियों में घूमकर प्रसाद व अन्य सामग्री की खरीदारी की। भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए।
श्रद्धालुओं के लिए मुफ्त भोजन व ठहरने की व्यवस्था
जिला प्रशासन व आपूर्ति विभाग की ओर से विन्ध्य विद्यापीठ इंटर कॉलेज परिसर में बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए निशुल्क बसेरा, टेंट, शौचालय, बिजली-पानी की व्यवस्था की गई है। साथ ही खाद्य एवं रसद विभाग की ओर से पूड़ी-सब्जी के स्टॉल लगाए गए हैं। कोटेदार संघ अध्यक्ष राजेंद्र जायसवाल ने बताया कि यह सेवा सुबह से रात तक निरंतर जारी है।
महाकाली दरबार में उमड़ी भीड़
चतुर्थी तिथि पर काली खोह पहाड़ स्थित महाकाली के दरबार में भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। भव्य श्रृंगार के दर्शन कर भक्त भावविभोर हो उठे और मन्नतें मांगते नजर आए। कई श्रद्धालुओं ने परंपरा अनुसार लगूरों को चना-गुड़ खिलाकर पुण्य अर्जित किया।
अष्टभुजा पहाड़ पर लगी लंबी कतारें
अष्टभुजा पहाड़ पर स्थित मां अष्टभुजी के दर्शन के लिए भी लंबी कतारें लगी रहीं। श्रद्धालु नारियल, चुनरी और प्रसाद लेकर जयकारे लगाते हुए ऊपर चढ़ते नजर आए। कुछ श्रद्धालु रोपवे तो कुछ सीढ़ियों के माध्यम से मंदिर पहुंचे।
चाक-चौबंद सुरक्षा, एटीएस की निगरानी
नवरात्र मेले की सुरक्षा के मद्देनजर पूरे विंध्याचल धाम को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। सीसीटीवी कैमरों से 24 घंटे निगरानी की जा रही है। एंट्रेंस प्लाजा, परिक्रमा पथ, वीआईपी रोड और गंगा घाटों पर पुलिस व एटीएस के जवान मुस्तैद हैं। आनंद कुमार के नेतृत्व में 61 जवानों की टीम लगातार निगरानी में जुटी है, जबकि सादे वर्दी में भी पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा

