नवरात्र के तीसरे दिन विंध्यधाम में उमड़ा आस्था का महासैलाब, सात लाख श्रद्धालुओं ने लगाई हाजिरी
- मां विंध्यवासिनी के दरबार में भक्ति का ज्वार, धार्मिक पर्यटन से गुलजार हुआ विंध्य क्षेत्र
मीरजापुर, 21 मार्च (हि.स.)। चैत्र नवरात्र के तीसरे दिन मां विंध्यवासिनी धाम में आस्था अपने चरम पर दिखी। शनिवार को सात लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में हाजिरी लगाकर विंध्यधाम को भक्ति, उल्लास और जनसमुद्र के अद्भुत संगम में बदल दिया। भोर की पहली आरती से लेकर देर रात तक मंदिर परिसर, परिक्रमा पथ और मुख्य मार्गों पर श्रद्धालुओं की लंबी कतारें बनी रहीं।
हर ओर गूंजते जयकारे, घंटा-घड़ियाल की ध्वनि, भक्ति गीतों की स्वर लहरियां और मां के दर्शन की आतुरता ने पूरे धाम को अलौकिक आभा से भर दिया। ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो पूरा विंध्य क्षेत्र श्रद्धा के प्रकाश में नहा उठा हो। मां विंध्यवासिनी के चरणों में मत्था टेकने के लिए सिर्फ मिर्जापुर ही नहीं, बल्कि प्रदेश और देश के कई हिस्सों से श्रद्धालु पहुंचे।
नवरात्र की इस अपार भीड़ ने धार्मिक पर्यटन को भी नई रफ्तार दी। विंध्यधाम की ओर बढ़ते श्रद्धालुओं से होटल, धर्मशाला, भोजनालय, प्रसाद, पूजन सामग्री और स्थानीय बाजारों में दिनभर रौनक बनी रही। श्रद्धालुओं की आमद से पूरा क्षेत्र आध्यात्मिक ऊर्जा के साथ-साथ आर्थिक गतिविधियों से भी जीवंत नजर आया।
जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने बताया कि विंध्यधाम अब सिर्फ आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि धार्मिक पर्यटन का भी बड़ा आकर्षण बनता जा रहा है। नवरात्र के तीसरे दिन मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में दिनभर श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही। परिवार, समूह और दूर-दराज से आए भक्त मां के दर्शन के साथ विंध्य क्षेत्र की धार्मिक गरिमा का अनुभव करते दिखे। नवरात्र के तीसरे दिन उमड़ी इस भारी भीड़ ने एक बार फिर साबित कर दिया कि मां विंध्यवासिनी धाम करोड़ों लोगों की अटूट श्रद्धा का केंद्र होने के साथ धार्मिक पर्यटन की दृष्टि से भी बेहद महत्वपूर्ण स्थल है।
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हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा

