अंत्योदय का विचार आज भी जनकल्याण और राष्ट्र निर्माण का पथप्रदर्शक : संजय गुप्ता
-पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया नमन
प्रयागराज, 25 सितंबर (हि.स.)। समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाना ही पंडित दीनदयाल उपाध्याय के चिंतन का मूल भाव था। उनका ‘अंत्योदय’ का विचार आज भी जनकल्याण और राष्ट्र निर्माण की दिशा में पथप्रदर्शक है। यह बातें भाजपा प्रयागराज महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता ने शुक्रवार को पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर कही।
बालसन चौराहा स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता के नेतृत्व में हुए कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं ने उनके विचारों और राष्ट्रसेवा में योगदान को याद किया। संजय गुप्ता ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान को विकास का आधार माना। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनके इसी विचार को ‘विकसित भारत’ के संकल्प से जोड़ा है। अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने और समावेशी विकास के प्रयासों में अंत्योदय की भावना को प्रमुखता दी जा रही है।
उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का राष्ट्रसेवा, स्वदेशी चिंतन और अंत्योदय का दर्शन आज भी समाज को प्रेरणा देता है। उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम में डॉ. शैलेश पांडेय, विक्रमजीत सिंह भदौरिया, रमेश पासी, आनंद सोनकर, कुंज बिहारी मिश्रा, अनुज कुशवाहा, प्रमोद मोदी, विजय श्रीवास्तव, अजय सिंह, दीप द्विवेदी, पार्षद आशीष द्विवेदी, पार्षद प्रवीण भारती, गणेश वर्मा, पवन श्रीवास्तव, विवेक मिश्रा, विश्वास श्रीवास्तव और अमन शर्मा समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / रामबहादुर पाल

