जौनपुर में खाद्यान्न की कालाबाजारी करने वाले कोटेदार के खिलाफ मुकदमा दर्ज, जांच में मिली गड़बड़ी
जौनपुर, 26 अप्रैल (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के जौनपुर में सरायख्वाजा थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत बड़उर में सार्वजनिक वितरण प्रणाली के कोटेदार के खिलाफ कालाबाजारी और अनियमितता का गंभीर मामला सामने आया है। शिकायत के आधार पर जांच में गड़बड़ियां उजागर होने के बाद संबंधित कोटेदार के विरुद्ध जिले के सरायख्वाजा थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। ग्राम निवासी भानपती पत्नी जयप्रकाश ने आरोप लगाया कि अप्रैल माह का राशन अंगूठा लगवाने के बावजूद वितरित नहीं किया गया। शिकायत पर जिला पूर्ति विभाग हरकत में आया और उपजिलाधिकारी शाहगंज के निर्देश पर क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी अमिता द्विवेदी, पूर्ति निरीक्षक शिवशंकर यादव एवं आशुतोष सिंह की टीम ने जांच की। जांच के दौरान टीम ने दुकान और गोदाम का निरीक्षण किया, जहां गेहूं, चावल और चीनी का कोई स्टॉक नहीं मिला, जबकि अभिलेखों के अनुसार पर्याप्त मात्रा में खाद्यान्न उपलब्ध होना चाहिए था। अधिकारियों द्वारा स्टॉक और वितरण रजिस्टर मांगे जाने पर कोटेदार कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि उसका गोदाम नहीं है और खाद्यान्न अन्य स्थान पर रखा जाता है, जो नियमों के विरुद्ध है।
जांच रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि मार्च और अप्रैल माह का आवंटित खाद्यान्न लाभार्थियों में वितरित नहीं किया गया। कई लाभार्थियों—रामराज, सुनील, अनारकली, दीपा, फातमा, रमा, श्रीपति सहित अन्य ने बयान दिया कि उनसे अंगूठा लगवाया गया, लेकिन राशन नहीं मिला। इससे स्पष्ट हुआ कि खाद्यान्न की कालाबाजारी की गई है। अधिकारियों ने पाया कि कोटेदार ने आवश्यक वस्तु अधिनियम एवं सार्वजनिक वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश 2016 का उल्लंघन किया है। उपजिलाधिकारी के अनुमोदन के बाद सरायख्वाजा थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
जिला पूर्ति अधिकारी संतोष विक्रम शाही ने रविवार काे बताया कि पीडीएस में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस को मामले की जांच करनी है जो भी तथ्य सामने आयेगा उसपर विधिक कार्रवाई की जाएगी।----------
हिन्दुस्थान समाचार / विश्व प्रकाश श्रीवास्तव

