बाढ़ सुरक्षा और नहरों की सफाई की मांग को लेकर किसानों का किया प्रदर्शन
मीरजापुर, 20 जून (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के मीरजापुर जिले में जमालपुर क्षेत्र में पिछले वर्ष आई बाढ़ से प्रभावित गांवों के किसानों ने शनिवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर भभौरा गांव के पास चौकियां माइनर के सामने जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने नारेबाजी करते हुए सिंचाई विभाग और प्रशासन पर उपेक्षा का आरोप लगाया तथा बरसात से पहले आवश्यक मरम्मत कार्य कराने की मांग की।
प्रदर्शन कर रहे किसानों का कहना था कि पिछली बाढ़ में चौकियां, जिनोदपुर, भभौरा, मुड़हुआ, लोढ़वा और गोगहरा सहित कई गांवों के आसपास नहरों और नालों के तटबंध क्षतिग्रस्त हो गए थे, लेकिन अब तक उनकी समुचित मरम्मत नहीं कराई गई है। किसानों ने बताया कि भाईपुर-डवक मार्ग भी बाढ़ के पानी के तेज बहाव से कई स्थानों पर टूटकर क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसकी स्थिति आज भी खराब बनी हुई है।
प्रदर्शन करने वाले किसानों ने बताया कि बाढ़ के बाद अन्नदाता मंच के संयोजक चौधरी रमेश सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों ने स्वयं श्रमदान कर सड़कों पर मिट्टी डालकर आवागमन बहाल किया था, लेकिन समय के साथ मिट्टी उखड़ जाने से मार्ग फिर जर्जर हो गया है। सड़क पर बने बड़े-बड़े गड्ढों के कारण दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है और लोगों को आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि मुड़हुआ नाले के तटबंध कई स्थानों पर अब भी टूटे पड़े हैं। वहीं भभौरा गांव के सामने चौकियां माइनर की तलहटी में झाड़-झंखाड़, जलकुंभी और कूड़ा-कचरा जमा होने से नहर का प्रवाह बाधित हो रहा है। कई बार शिकायत करने के बावजूद सिंचाई विभाग के अधिकारी और कर्मचारी समस्या के समाधान के प्रति गंभीर नहीं हैं।
किसानों ने चेतावनी दी कि यदि बरसात शुरू होने से पहले नहरों और नालों की सफाई तथा टूटे तटबंधों की मरम्मत नहीं कराई गई तो क्षेत्र में बाढ़ का खतरा बढ़ जाएगा और किसानों की फसलें भारी नुकसान की चपेट में आ सकती हैं।
प्रदर्शन में अन्नदाता मंच के संयोजक चौधरी रमेश सिंह, राहुल सिंह, परमानंद, बलीराम, अभिषेक सिंह, बिजेंद्र, अजय कुमार, देवा सिंह, लक्ष्मण, पप्पू, कलीम सिद्दीकी, बच्चालाल, राजनाथ, रजिंदर, राजेश, रामबाबू, संदीप सहित दर्जनों किसान एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा

