विज्ञान प्रदर्शनी में छात्राओं ने दिखाई नवाचार की उड़ान, 27 मॉडलों ने खींचा ध्यान
गोरखपुर, 12 सितंबर (हि.स.)। सरस्वती विद्या मंदिर बालिका इंटर कॉलेज, आर्यनगर में शनिवार को आयोजित विज्ञान प्रदर्शनी में छात्राओं की वैज्ञानिक सोच, रचनात्मकता और नवाचार का प्रभावशाली संगम देखने को मिला। कक्षा नौ से बारह तक की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए कुल 27 विज्ञान मॉडल प्रस्तुत किए। प्रदर्शनी को जूनियर और सीनियर वर्ग में विभाजित किया गया था।
प्रदर्शनी में ग्रीन हाइड्रोजन पावर प्लांट, कार्बन क्रेडिट, पशु अपशिष्ट प्रबंधन और स्मार्ट सेफ्टी हेलमेट जैसे विषयों के साथ ही फ्लोटिंग हाउस, इमरजेंसी रिस्पांस सिटी, स्पाई बर्ड्स और डिजिटल बैंकिंग जैसे आधुनिक विषयों पर तैयार मॉडलों ने आगंतुकों का ध्यान आकर्षित किया। छात्राओं ने अपने मॉडलों के माध्यम से यह दिखाने का प्रयास किया कि विज्ञान केवल पुस्तकों तक सीमित विषय नहीं, बल्कि रोजमर्रा की समस्याओं का समाधान खोजने का प्रभावी माध्यम भी है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रो. योगेंद्र पाल कोहली ने छात्राओं की प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि आज महिलाएं विज्ञान सहित प्रत्येक क्षेत्र में अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रही हैं। उन्होंने छात्राओं को जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने और वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने के लिए प्रेरित किया।
विशिष्ट अतिथि डॉ. शक्ति सिंह ने कहा कि जीवन के प्रत्येक क्षेत्र और प्रत्येक कदम पर विज्ञान की भूमिका है। उन्होंने विद्यार्थियों से केवल विज्ञान को पढ़ने ही नहीं, बल्कि उसे प्रयोग और अनुसंधान के माध्यम से समझने का आह्वान किया। उन्होंने ‘लैंड टू लैब’ यानी जमीन से शोधशाला तक की अवधारणा को आगे बढ़ाते हुए वैज्ञानिक सोच को नवाचार से जोड़ने पर जोर दिया।
कार्यक्रम अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार अग्रवाल ने कहा कि विज्ञान प्रदर्शनी विद्यार्थियों में जिज्ञासा, तार्किकता और समस्या समाधान की क्षमता विकसित करती है। उन्होंने अगले वर्ष प्रदर्शनी को और व्यापक स्तर पर आयोजित करने की बात कही।
विद्यालय की प्रधानाचार्या रजनी मिश्रा ने कहा कि छात्राओं ने विज्ञान मॉडलों को तैयार करने में कठिन परिश्रम और गंभीर अध्ययन किया है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान से आगे बढ़कर प्रयोगात्मक शिक्षा से जोड़ते हैं। उन्होंने छात्राओं से मॉडल से जुड़े ज्ञान को अपने जीवन में उतारने का आह्वान करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
निर्णायक मंडल में प्रो. योगेंद्र पाल कोहली और डॉ. शक्ति सिंह शामिल रहे। जूनियर वर्ग में ज्योमेट्रिकल पार्क को प्रथम, ग्रीन हाइड्रोजन पावर प्लांट को द्वितीय तथा माइंड एवं ट्रेडिशनल एग्रीकल्चर मॉडल को तृतीय स्थान मिला। स्मार्ट सेफ्टी हेलमेट को सांत्वना पुरस्कार दिया गया।
सीनियर वर्ग में इलेक्ट्रो मैग्नेटिक मिसाइल लॉन्चर और स्पाई बर्ड्स संयुक्त रूप से प्रथम रहे। बायोटेक्नोलॉजी : द फ्यूचर ऑफ बायोलॉजी तथा एआई बिजनेस मैजिशियन को द्वितीय स्थान मिला। एनर्जी हब सिटी और डिजिटल बैंकिंग-यूपीआई एवं एआई इन बैंकिंग मॉडल तीसरे स्थान पर रहे। एआई इन बायोडायवर्सिटी कंजर्वेशन को सांत्वना पुरस्कार प्रदान किया गया।
विद्यालय के संस्थान प्रमुख शिवाजी सिंह ने अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर महिला महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. रीना त्रिपाठी, बालिका इंटर कॉलेज की उप प्रधानाचार्या पूजा सिंह सहित बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं।
हिन्दुस्थान समाचार / प्रिंस पाण्डेय

