भदोही बना सनातन संस्कृति की मिसाल, कालीन पर उकेरी रामेश्वरम सेतु की छवि

WhatsApp Channel Join Now
भदोही बना सनातन संस्कृति की मिसाल, कालीन पर उकेरी रामेश्वरम सेतु की छवि


--प्रधानमंत्री मोदी से निर्मित कालीन का लोकार्पण कराने की मंशा

--पीएमओ से मांगा गया समय, स्वीकृति मिलते ही दिल्ली जाएंगे निर्यातक

भदोही, 05 फरवरी (हि.स.)। कालीन नगरी भदोही की एक प्रतिष्ठित निर्यात फर्म ने कालीन पर रामेश्वरम में बने श्रीराम सेतु को उकेर कर सनातन संस्कृति को समाज से जोड़ने का प्रयास किया है।

कालीन नगरी के कुशल बुनकरों की थिरकती उंगलियों से बने इस आकर्षक कालीन का लोकार्पण देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से करने का संकल्प लेकर निर्यातक वैभव बरनवाल एवं अजय राय ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी मुगल कालीन उद्भव व पाश्चात्य संस्कृति को अपना आदर्श मानकर तेजी से उसकी ओर आकर्षित हो रही है। जिससे समाज का नैतिक पतन हो रहा है।

बच्चों व युवा पीढ़ी को राम-कृष्ण के देश में ऐसे कालीन का विमोचन देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से करने के लिए फर्म के निर्यातक कृत संकल्पित है। एक अनौपचारिक वार्ता में निर्यातको ने बताया कि आज जबकि हमारी पीढ़ी मुगल और पश्चिम सभ्यता के वशीभूत होकर अपने गौरवशाली इतिहास को विस्मित कर चुकी है, ऐसे में मर्यादा पुरुषोत्तम राम के दिखाएं मार्ग पर चलकर और भगवान श्रीकृष्ण के गीता में बताए गए उपदेशों का पालन करके ही पुनःभारत को सोने की चिड़िया और विश्व गुरु के रूप में स्थापित किया जा सकता है।

निर्यातकों ने कहा कि 2014 में जब मोदी जी पहली बार देश के प्रधानमंत्री बने तभी से हम सब उनके विचारों से प्रभावित हैं और उन्हीं के बताए हुए विचारों से प्रभावित होकर कालीन उद्योग में खोज करने लगे। हमने कालीन को न सिर्फ सनातन से जोड़ने का कार्य किया है बल्कि देश के सांस्कृतिक धरोहरों को भी कालीन पर उतारने में संकोच नहीं किया है। ब्रह्मांड के सर्वोत्तम प्रेम का प्रतीक रामेश्वरम सेतु हमने इसी विचारधारा के तहत कालीन पर उतारा है। हम अपने देश के प्रधानमंत्री को समर्पित करेंगे और उनसे यह मांग करेंगे कि रामेश्वरम सेतु को प्रेम का प्रतीक मानते हुए ऐतिहासिक धरोहर के रूप में इसको संरक्षित करें। निर्यातकों ने बताया कि उसी कड़ी में नवग्रह सुखासन का निर्माण और आने वाले समय में कालीन को सनातन से जोड़ने के अनेक उपाय किए जाएंगे। उन्होंने केंद्र सरकार से सहयोग की अपेक्षा है निर्यात को ने बताया कि प्रधानमंत्री से मिलने के लिए समय मांगा गया है।

हिन्दुस्थान समाचार / प्रभुनाथ शुक्ल

Share this story