श्रमिकों के हितों की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए : रमेश अवस्थी
कानपुर, 31 जुलाई (हि.स.)। श्रमिकों के हितों की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। एडवांस वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड में कार्यरत ठेका और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान कर उन्हें न्याय दिलाना आवश्यक है। यह बातें शुक्रवार को कानपुर लोकसभा सांसद रमेश अवस्थी ने केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया से मुलाकात के दौरान कहीं।
कानपुर लोकसभा सांसद रमेश अवस्थी ने शुक्रवार को नई दिल्ली में केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया से शिष्टाचार भेंट कर एडवांस वेपन्स एंड इक्विपमेंट इंडिया लिमिटेड (एडब्ल्यूईआईएल) कानपुर में कार्यरत ठेका एवं आउटसोर्सिंग कर्मचारियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को उठाया। उन्होंने श्रमिकों के उत्पीड़न, आर्थिक शोषण और श्रम कानूनों के कथित उल्लंघन की शिकायतों पर उच्च स्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराए जाने की मांग की।
सांसद ने केंद्रीय मंत्री को बताया कि ठेका श्रमिकों की ओर से बोनस और अन्य देय भुगतानों में अनियमितता, अवैध वसूली तथा अनावश्यक दबाव बनाए जाने जैसी शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा लागू श्रम कानूनों का लाभ प्रत्येक श्रमिक तक पहुंचना चाहिए और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
रमेश अवस्थी ने आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के मानदेय में वृद्धि का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए कर्मचारियों के मासिक मानदेय में बढ़ोतरी की जानी चाहिए, ताकि उन्हें सम्मानजनक जीवनयापन करने में सुविधा मिल सके।
केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने सांसद द्वारा उठाए गए सभी मुद्दों और सुझावों को गंभीरता से सुनते हुए आश्वासन दिया कि मंत्रालय इन पर शीघ्र विचार करेगा। उन्होंने विशेष रूप से आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के मानदेय वृद्धि के प्रस्ताव पर सकारात्मक रुख व्यक्त करते हुए आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया।
मुलाकात के अंत में सांसद रमेश अवस्थी ने केंद्रीय मंत्री का आभार व्यक्त करते हुए विश्वास जताया कि श्रमिकों से जुड़े इन महत्वपूर्ण विषयों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लिए जाएंगे, जिससे बड़ी संख्या में कर्मचारियों को लाभ मिलेगा।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

