हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा मेला की तैयारियां तेज, समाज के सांस्कृतिक और पारिवारिक मूल्यों के संवर्धन पर रहेगा फोकस : संजीव दीक्षित

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हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा मेला की तैयारियां तेज, समाज के सांस्कृतिक और पारिवारिक मूल्यों के संवर्धन पर रहेगा फोकस : संजीव दीक्षित


कानपुर, 12 जुलाई (हि.स.)। हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा मेला केवल आयोजन नहीं, बल्कि समाज में पारिवारिक, सांस्कृतिक और मानवीय मूल्यों को मजबूत करने का जनअभियान है। इसके सफल आयोजन के लिए सभी समितियां समन्वय के साथ तैयारी में जुटें। यह बातें रविवार को हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा संस्थान के महानगर अध्यक्ष संजीव दीक्षित ने दो दिवसीय तैयारी बैठक के दौरान कहीं।

हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा फाउंडेशन के तत्वावधान में 26 से 30 नवंबर तक प्रस्तावित हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा मेला के सफल आयोजन को लेकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय सनातन धर्म विद्यालय, नवाबगंज में दो दिवसीय तैयारी बैठक आयोजित की गई। बैठक में सेवा कार्यों की प्रदर्शनी, सांस्कृतिक कार्यक्रम, मेला प्रबंधन, प्रचार-प्रसार, मठ-मंदिर समन्वय, पारिवारिक एवं मानवीय मूल्यों के संवर्धन, नारी सम्मान और शिक्षा से जुड़े विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।

अखिल भारतीय पदाधिकारी सोम कांत शर्मा ने प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए मेले की रूपरेखा, उद्देश्य और क्रियान्वयन की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आयोजन का उद्देश्य सामाजिक, सांस्कृतिक और पारिवारिक मूल्यों का संरक्षण, व्यक्तित्व एवं चरित्र निर्माण तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनजागरण करना है। उन्होंने विभिन्न समितियों के पदाधिकारियों को आयोजन संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

उन्होंने बताया कि मेले से पहले 100 दिनों तक विद्यालयों में खेलकूद, संस्कृति, गुरु वंदन और प्रकृति वंदन जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके अलावा 31 अक्टूबर को एक लाख लोगों के सामूहिक वंदे मातरम् कार्यक्रम, नवरात्रि में कन्या वंदन तथा नवंबर में स्वामी विवेकानंद रथ यात्रा जैसे पूर्व-आयोजन कार्यक्रमों पर भी चर्चा की गई।

बैठक में महानगर संयोजक नवेन्दु शुक्ल, मेला संयोजक अरविंद दीक्षित, पूर्वी उत्तर प्रदेश संयोजक अमरनाथ, डॉ. शैलेन्द्र द्विवेदी, डॉ. राहुल मिश्रा, पंकज श्रीवास्तव, विपिन शुक्ला, शैलजा रावत सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

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