निपुण भारत मिशन : नौ प्रतिशत से 79 प्रतिशत की ऐतिहासिक छलांग लगाकर प्रदेश में आठवें पायदान पर पहुंचा मुरादाबाद

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निपुण भारत मिशन : नौ प्रतिशत से 79 प्रतिशत की ऐतिहासिक छलांग लगाकर प्रदेश में आठवें पायदान पर पहुंचा मुरादाबाद


कक्षा एक से आठ में आठवीं और एक से पांच में नौवीं रैंक, 'क-ख-ग-घ' मॉडल व अभिनव प्रयोगों से 100 प्रतिशत बच्चों का डिजिटल लर्निंग डाटा तैयार

मुरादाबाद, 18 अगस्त (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जिलाधिकारी डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने 'निपुण भारत मिशन' के अंतर्गत 'निपुण प्लस' ऐप के जरिए किए गए मूल्यांकन में मुरादाबाद जनपद की लंबी छलांग लगाए जाने की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कभी नौ प्रतिशत पर रहने वाला जिला अब 78 से 79 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज करते हुए उत्तर प्रदेश में कक्षा एक से आठ के विद्यालयों में 8वें स्थान पर और प्राथमिक स्तर (कक्षा एक से पांच) पर 9वें स्थान पर पहुंच गया है, जबकि पूरे मुरादाबाद मंडल में जिले ने प्रथम स्थान हासिल किया है।

जिलाधिकारी ने इस सफलता को शिक्षा विभाग, सीडीओ, बीएसए, एसआरजी, एआरपी, शिक्षक संकुलों और शिक्षकों के साझा प्रयासों और सटीक रणनीति का परिणाम बताया।

जिलाधिकारी डॉ राजेंद्र पसिया ने आगे कहा कि बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में पठन-पाठन को आधुनिक और परिणामोन्मुखी बनाने के उद्देश्य से संचालित 'निपुण भारत मिशन' के क्रियान्वयन में जनपद मुरादाबाद ने प्रदेश स्तर पर बड़ी उपलब्धि हासिल की है।

नौ से 79 प्रतिशत तक की ऐतिहासिक छलांग और 100 फीसदी डिजिटल ट्रैकिंग

प्रेस कॉन्फ्रेंस में जिलाधिकारी ने बताया कि पिछले वर्ष जुलाई के आंकड़ों में जनपद का निपुण मूल्यांकन स्तर महज नौ प्रतिशत था। पूर्व जिलाधिकारी के प्रयासों को आगे बढ़ाते हुए मई और जुलाई में योजनाबद्ध तरीके से काम किया गया। इसके तहत कक्षा एक से पांच में हिंदी, गणित व ईवीएस तथा कक्षा छह से आठ में विज्ञान विषय के शिक्षण को निपुण प्लस एप से जोड़ा गया। न्याय पंचायत स्तर पर शिक्षक संकुलों की नियमित समीक्षा की गई और शून्य अथवा बेहद कम उपयोग करने वाले शिक्षकों व संकुलों से प्रत्येक तीन दिन में संपर्क साधकर हैंडहोल्डिंग की गई।

इस मॉनिटरिंग का नतीजा रहा कि जनपद का प्रदर्शन 79 प्रतिशत तक पहुंच गया। आज जिले के सभी शिक्षकों के पास विद्यार्थियों के लर्निंग आउटकम का 100 प्रतिशत वास्तविक डाटा उपलब्ध है, जिसका उपयोग बच्चों की दक्षता सुधारने में किया जा रहा है।

हिन्दुस्थान समाचार / निमित कुमार जायसवाल

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