‘लखनऊ दर्शन’ बस में फिर शामिल हुई विधान भवन की सैर
-इतिहास के साथ लोकतंत्र को भी समझेंगे पर्यटक, सरकार पर्यटन विस्तार को प्रतिबद्ध-मंत्री जयवीर सिंह
लखनऊ, 21 फरवरी (हि.स.)। उत्तर प्रदेश का बजट सत्र समाप्त होते ही विधान भवन की सैर करने वाले पर्यटकों के लिए एक बार फिर से ‘लखनऊ दर्शन’ बस सेवा शुरू कर दी गई है। बजट सत्र के दौरान सुरक्षा कारणों से विधानसभा भ्रमण अस्थायी रूप से रोक दिया गया था, लेकिन अब लोकतंत्र का यह दरबार आम लोगों के स्वागत के लिए फिर से तैयार है। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने शनिवार को बताया कि, भव्य स्थापत्य, विशाल गुंबद और ऐतिहासिक महत्व से भरपूर विधानसभा भवन राजधानी की पहचान है। इसके दोबारा टूर में शामिल होने से ‘लखनऊ दर्शन’ और भी आकर्षक हो गया है।
रिंग थियेटर (जीपीओ) जहां काकोरी मुकदमे की याद आज भी रोंगटे खड़े कर देती हैं
लखनऊ दर्शन बस के प्रमुख स्थलों में एक जीपीओ भी है। जो पर्यटकों के लिए आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। 9 अगस्त 1925 को काकोरी में सरकारी खजाना लूट की घटना के बाद अंग्रेज सरकार ने इसे बगावत मानते हुए करीब 40 क्रांतिकारियों को गिरफ्तार किया। सुरक्षा कारणों से लखनऊ के तत्कालीन रिंग थियेटर (आज का जनरल पोस्ट ऑफिस लखनऊ) में विशेष अदालत बनाई गई, जहां लगभग 10 महीने तक मुकदमा चला। अदालत ने राम प्रसाद बिस्मिल, राजेंद्र नाथ लाहिड़ी, ठाकुर रोशन सिंह और अशफाक उल्ला खान को फांसी, जबकि शचीन्द्रनाथ सान्याल को कालापानी और मन्मथनाथ गुप्त सहित अन्य को कठोर कारावास की सजा सुनाई। आज भी यहां पुरानी निशानियां म्यूजियम में हैं जो पर्यटकों को दिखाई जाती हैं।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि बजट सत्र की समाप्ति के साथ ही उत्तर प्रदेश विधानसभा का भ्रमण दोबारा शुरू किया जा रहा है। ‘लखनऊ दर्शन’ इलेक्ट्रिक डबल डेकर बस सेवा के जरिए पर्यटक अब राजधानी की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और लोकतांत्रिक विरासत को करीब से देख सकेंगे। विधानसभा भवन के पुनः शामिल होने से इस टूर का आकर्षण और बढ़ेगा। हमारी सरकार पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ लोगों को प्रदेश की समृद्ध परंपराओं से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।
इलेक्ट्रिक डबल डेकर से करें लखनऊ की सैर
उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम (यूपीएसटीडीसी) की ‘लखनऊ दर्शन’ इलेक्ट्रिक डबल डेकर बस सेवा प्रतिदिन सुबह और शाम दो पालियों में 1090 चौराहे से संचालित होती है, जो पर्यटकों को राजधानी के प्रमुख ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक स्थलों का भ्रमण कराती है। विधानसभा भवन दोबारा शामिल होने से टूर का आकर्षण और बढ़ गया है। टिकट आधिकारिक वेबसाइट या प्रस्थान स्थल से ली जा सकती है। किराया वयस्कों के लिए पांच सौ और बच्चों के लिए चार सौ रुपये निर्धारित है। बस में प्रशिक्षित टूर गाइड जानकारी देते हैं और इलेक्ट्रिक बस होने से सफर पर्यावरण के अनुकूल व आरामदायक रहता है।
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हिन्दुस्थान समाचार / दीपक

