कान्हा के जन्मोत्सव पर हुई बूंदा-बांदी, उमस से मिली राहत
मथुरा, 04 सितम्बर(हि.स.)। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर शुक्रवार रात करीब नौ बजे अचानक बदले मौसम ने श्रद्धालुओं को एक तरफ जहां गर्मी से राहत दी, वहीं दूसरी तरफ उत्सव का आनंद भी बढ़ा दिया। दिनभर की उमस और भीषण गर्मी से बेहाल लोगों के लिए यह बारिश किसी राहत से कम नहीं थी।
जन्माष्टमी के चलते मथुरा के मंदिरों और प्रमुख बाजारों में सुबह से ही भारी जनसैलाब उमड़ा हुआ था। शाम ढलते ही श्रद्धालुओं की भीड़ और अधिक बढ़ गई, जो भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े थे। इसी बीच देर शाम आसमान में घने बादल छा गए और अचानक बारिश शुरू हो गई।
अचानक हुई इस बारिश के कारण सड़कों और बाजारों में मौजूद श्रद्धालुओं में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। लोग बारिश से बचने के लिए दुकानों, मंदिरों के बरामदों और अन्य सुरक्षित स्थानों की तरफ भागते नजर आए। हालांकि, कई भक्तों ने छातों का सहारा लिया तो बड़ी संख्या में श्रद्धालु बारिश में भीगते हुए भी अपनी आस्था के साथ आगे बढ़ते रहे।
इस हल्की बारिश और ठंडी हवाओं ने वातावरण में ठंडक घोल दी, जिससे तापमान में गिरावट आई और लोगों को उमस भरी गर्मी से बड़ी राहत मिली। बारिश के थमने के बाद श्रद्धालुओं का उत्साह एक बार फिर दोगुना हो गया और वे वापस मंदिरों की ओर बढ़ने लगे। मौसम के इस सुहाने मिजाज और श्रीकृष्ण के प्राकट्य के उल्लास ने पूरे शहर के माहौल को पूरी तरह भक्तिमय और आनंदमयी बना दिया।
हिन्दुस्थान समाचार / महेश कुमार

