जंगल से भटककर गांव पहुंची मादा तेंदुए की मौत, जांच में जुटा वन विभाग
बलरामपुर, 24 मई (हि.स.)। जनपद में सोहेलवा वन्यजीव प्रभाग के बनकटवा रेंज क्षेत्र में रविवार को जंगल से भटककर गांव के पास पहुंची मादा तेंदुए की शव मिली है। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम ने पहुंच शव को कब्जे में लेकर अग्रिम कार्रवाई में जुटी है।
मामला बनकटवा रेंज अंतर्गत चौधरीडीह गांव के दक्षिण दिशा में स्थित जंगल क्षेत्र की है। रविवार सुबह जंगल से निकलकर एक मादा तेंदुआ गांव की तरफ पहुंच गई। इसी दौरान गांव के निकट स्थित एक आम के बाग में लगे सुरक्षा तार के बीच उसकी गर्दन फंस गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार तेंदुआ तार में फंसने के बाद काफी देर तक निकलने के लिए संघर्ष करती रही। वह लगातार खुद को छुड़ाने की कोशिश करती रही,लेकिन गर्दन बुरी तरह तार में फंस जाने के कारण वह बाहर नहीं निकल सकी। वहीं उसकी मौत हो गई।
घटना की सूचना तत्काल ग्रामीणों ने वन विभाग को दी। सूचना मिलने पर वन क्षेत्राधिकारी शत्रोहन लाल अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। वन विभाग की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक कार्रवाई करते हुए मादा तेंदुए के शव को कब्जे में लेकर बनकटवा रेंज कार्यालय पहुंचाया।
एसडीओ मनोज कुमार ने बताया कि मादा तेंदुए की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसकी सही जानकारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट हो सकेगी। इसके लिए चिकित्सकों की एक पैनल टीम गठित की गई है, जो बनकटवा रेंज कार्यालय में तेंदुए का पोस्टमार्टम करेगी। साथ ही पूरे मामले की जांच भी कराई जा रही है।
वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि तेंदुआ जंगल से बाहर किन कारणों से निकला था। वन्यजीव विशेषज्ञों का मानना है कि जंगलों में भोजन और प्राकृतिक संसाधनों की कमी या मानवीय हस्तक्षेप के कारण कई बार जंगली जानवर आबादी वाले क्षेत्रों की ओर रुख कर लेते हैं,जिससे ऐसे हादसे सामने आते हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / प्रभाकर कसौधन

