कानपुर को रेडीमेड होजरी-गारमेन्ट हब बनाने की अपार संभावनाएं : राकेश सचान

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कानपुर को रेडीमेड होजरी-गारमेन्ट हब बनाने की अपार संभावनाएं : राकेश सचान


कानपुर, 02 सितंबर (हि.स.)। कानपुर में रेडीमेड होजरी और गारमेन्ट उद्योग को बड़े स्तर पर विकसित करने की अपार संभावनाएं हैं। यहां कुशल श्रमिक, स्थापित बाजार और टेक्सटाइल क्षेत्र का पुराना अनुभव मौजूद है। उद्यमी यू.पी. टेक्स-2026 में भाग लेकर प्रदेश की निवेश अनुकूल नीतियों का लाभ उठाएं और इस क्षेत्र में निवेश करें।” यह बातें बुधवार को खादी एवं ग्रामोद्योग, रेशम, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग विभाग के मंत्री राकेश सचान ने आयोजित यूपी टेक्स-2026 के रोड शो के दौरान कहीं।

उत्तर प्रदेश को देश के प्रमुख टेक्सटाइल हब के रूप में विकसित करने के उद्देश्य से आगामी आठ और नौ सितम्बर को लखनऊ के इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान में यूपी टेक्स-2026 का आयोजन होगा। इसमें कानपुर और आसपास के क्षेत्रों के टेक्सटाइल, गारमेन्ट एवं वस्त्र उद्योग से जुड़े उद्यमियों की भागीदारी बढ़ाने के लिए बुधवार को रोड शो आयोजित किया गया। इसमें उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।

मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश टेक्सटाइल एवं गारमेन्टिंग पॉलिसी-2022 के तहत निवेशकों को कई प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं। इनमें स्टाम्प ड्यूटी में 100 प्रतिशत तक छूट, 25 से 35 प्रतिशत तक पूंजीगत अनुदान और ब्याज पर 60 प्रतिशत तक अनुदान समेत विभिन्न सुविधाएं शामिल हैं। सरकार का उद्देश्य टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश बढ़ाने के साथ रोजगार के नए अवसर पैदा करना है।

उन्होंने बताया कि लखनऊ-हरदोई क्षेत्र में करीब 1000 एकड़ में पीएम मित्र पार्क विकसित किया जा रहा है। प्रदेश में पांच संत कबीर टेक्सटाइल पार्क भी विकसित किए जा रहे हैं। कानपुर में टेक्सटाइल पार्क स्थापित करने की योजना पर भी काम चल रहा है और इसके लिए भूमि उपलब्ध हो गई है।

राकेश सचान ने कहा कि बेहतर कानून-व्यवस्था, सड़क, रेल और हवाई कनेक्टिविटी के साथ निवेश अनुकूल नीतियों ने उत्तर प्रदेश को उद्यमियों के लिए आकर्षक निवेश गंतव्य बनाया है। वस्त्र उद्योग कृषि के बाद सबसे अधिक रोजगार देने वाले प्रमुख क्षेत्रों में शामिल है, इसलिए सरकार का इस क्षेत्र पर विशेष फोकस है।

उन्होंने बताया कि कानपुर से गारमेन्ट क्षेत्र में 11 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात हो रहा है। यह शहर की औद्योगिक क्षमता को दर्शाता है। बंद पड़ी वस्त्र इकाइयों से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए भी सरकार की ओर से प्रयास किए जा रहे हैं।

आयुक्त एवं निदेशक, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग निदेशालय के. विजयेन्द्र पाण्डियन ने कहा कि कानपुर में टेक्सटाइल एवं गारमेन्ट उद्योग के लिए मजबूत आधारभूत संरचना, कुशल मानव संसाधन और बड़ा बाजार उपलब्ध है। यूपी टेक्स-2026 निवेश की संभावनाओं को देश-विदेश के निवेशकों तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने कहा कि निवेश अनुकूल नीतियों और सरकारी प्रोत्साहनों का लाभ उठाकर उद्यमी नई इकाइयां स्थापित कर सकते हैं। विभाग उद्यमियों को आवश्यक सहयोग और मार्गदर्शन उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

कार्यक्रम में संयुक्त आयुक्त पी.सी. ठाकुर, उपायुक्त यू.वी. सिंह एवं मनोजकान्त गर्ग, सहायक आयुक्त कानपुर अमित सिंह पाल सहित विभागीय अधिकारी मौजूद रहे। सीआईआई कानपुर जोन के चेयरमैन एवं मार्श एनर्जी एण्ड मोबिलिटी के निदेशक गौरव पिलानिया ने स्वागत भाषण दिया।

इस अवसर पर थ्रेड्स इण्डिया प्रा.लि. के उपाध्यक्ष मनीष बालानी, मीनू क्रियेशन्स एलएलपी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमन पेशावरी, यूनिवर्सल यार्न्स एण्ड टेक्स प्रा.लि. के प्रबन्ध निदेशक राजीव किशोर भरतिया समेत उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने विचार रखे। अंत में सीआईआई कानपुर जोन के उपाध्यक्ष एवं गोल्डी ग्रुप के निदेशक सुदीप गोयनका ने अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

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