उत्तर प्रदेश में 24.63 लाख से अधिक किसानों ने कराई 'फार्मर रजिस्ट्री'
लखनऊ, 03 अप्रैल (हि.स.)। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को सरकारी योजनाओं का सीधा और पारदर्शी लाभ पहुँचाने के उद्देश्य से संचालित 'फार्मर रजिस्ट्री' अभियान प्रदेश में तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, 03 अप्रैल, 2026 की शाम 5:00 बजे तक प्रदेश के कुल 24,63,678 किसानों का पंजीकरण सफलतापूर्वक पूर्ण किया जा चुका है। इस डिजिटल पहल के माध्यम से अब तक प्रदेश के कुल 1,62,49,634 गाटों (प्लॉट) का विवरण 'फार्मर रजिस्ट्री' पोर्टल पर दर्ज किया गया है, जो कृषि क्षेत्र में एक बड़े डिजिटल बदलाव का संकेत है।
पंजीकरण के जनपदवार विवरण के अनुसार, लखीमपुर खीरी 88,141 किसानों के पंजीकरण के साथ प्रदेश में प्रथम स्थान पर बना हुआ है। इसके पश्चात हरदोई में 84,657, सीतापुर में 77,532, प्रयागराज में 68,918 और बहराइच में 66,220 किसानों ने अपनी रजिस्ट्री पूर्ण करा ली है। अन्य प्रमुख जनपदों में आजमगढ़ (63,892), जौनपुर (63,330) और गोरखपुर (58,359) में भी उल्लेखनीय प्रगति देखी गई है। गाटों के डिजिटल मिलान के मामले में भी लखीमपुर खीरी 6,70,307 गाटों के साथ शीर्ष पर है।
प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि 'फार्मर रजिस्ट्री' का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक किसान का एक विशिष्ट पहचान पत्र (आईडी) तैयार करना है, जिससे उन्हें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, फसल बीमा और बीज-उर्वरक अनुदान जैसी योजनाओं का लाभ बिना किसी बिचौलिए के सीधे प्राप्त हो सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश की डबल इंजन सरकार किसानों की समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध है और हमारा लक्ष्य प्रदेश के प्रत्येक पात्र किसान को इस डिजिटल डेटाबेस से जोड़ना है ताकि कृषि निवेश और सुविधाओं का वितरण अधिक सटीक और न्यायसंगत बनाया जा सके। मंत्री ने सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे स्थानीय स्तर पर शिविर लगाकर और जागरूकता अभियान चलाकर अवशेष किसानों का पंजीकरण समयबद्ध तरीके से पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।
हिन्दुस्थान समाचार / बृजनंदन

