पहाड़ों में हो रही बर्फबारी का असर, उप्र का इटावा जिला शिमला से ज्यादा सर्द
लखनऊ, 05 जनवरी (हि.स.)। पहाड़ों में हो रही बर्फबारी का असर मैदानी क्षेत्र में भी देखने को मिल रहा है। उत्तर प्रदेश में भी सर्दी का सितम जारी है। सोमवार को सर्दी का आलम यह रहा कि उत्तर प्रदेश का इटावा जनपद सबसे ज्यादा सर्द रहा और शिमला और मनाली 2.6 डिग्री तापमान से भी कम 2.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इसके चलते यहां शीतलहर का सबसे अधिक प्रकोप देखने को मिला। इटावा के बाद बहराइच में पारा 3.0 डिग्री, गोरखपुर 5.0 डिग्री सेल्सियस, सुल्तानपुर में 5.4 डिग्री सेल्सियस और आजमगढ़ में 5.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
कानपुर चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. एसएन सुनील पांडेय एवं भारत मौसम विज्ञान विभाग से प्राप्त मौसम पूर्वानुमान के अनुसार, आज प्रदेश के 13 जिलों में घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं 22 जिलों में दिन के तापमान में भारी गिरावट यानी शीत लहर होने की आशंका जताई गई है।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. पांडेय ने बताया कि प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के चलते पश्चिम व तराई के कई जिलों में कड़ाके की सर्दी पड़ी है। इसके चलते कानपुर, कानपुर देहात, इटावा, बाराबंकी, शाहजहांपुर, बरेली, हरदोई आदि जिलों में रात का तापमान 5 डिग्री या इससे नीचे दर्ज किया गया है। उन्होंने बताया कि इस माह शीतलहर के दिन औसत से 3 दिन अधिक रह सकते हैं।
सीएसए के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि पूर्वानुमान के अनुसार आगामी पांच दिनों में आसमान साफ रहने के कारण वर्षा की कोई संभावना नहीं है तथा प्रातः काल एवं रात्रि के समय मध्यम से घना कोहरा दिखाई देने तथा शीतलहर का प्रकोप जारी रहने की संभावना है। इस बीच उत्तर पश्चिमी हवाओं की गति और बढ़ने की संभावना है। इसके कारण रात के तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी।
हिन्दुस्थान समाचार / मोहित वर्मा

