जल निगम की लापरवाही शमसाबाद बना टापू,ईओ ने दर्ज कराई शिकायत

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जल निगम की लापरवाही शमसाबाद बना टापू,ईओ ने दर्ज कराई शिकायत


फर्रुखाबाद, 24 जुलाई (हि.स.)। जनपद में अमृत पेयजल योजना के तहत नगर पंचायत शमशाबाद में बिछाई जा रही पाइपलाइन का कार्य अब लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गया है। उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) पर निर्माण कार्य में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए नगर पंचायत ने आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई है। आरोप है कि अधूरे और अव्यवस्थित कार्य के कारण हल्की बारिश में ही नगर के कई प्रमुख मोहल्लों में जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है, जिससे आमजन का आवागमन प्रभावित हो रहा है।

नगर पंचायत शमशाबाद के अधिशासी अधिकारी ने 21 जुलाई को अधिशासी अभियंता, उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय), फर्रुखाबाद को पत्र भेजकर तत्काल जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है। शिकायत पत्र की प्रति अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) एवं प्रभारी अधिकारी स्थानीय निकाय को भी भेजी गई है।

नगर पंचायत के अनुसार, अमृत पेयजल योजना के अंतर्गत पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कों की खुदाई तो कर दी गई, लेकिन बाद में उनका समुचित मरम्मत कार्य नहीं कराया गया। कई स्थानों पर मिट्टी और निर्माण सामग्री नालियों एवं सड़कों पर ही छोड़ दी गई, जिससे जल निकासी व्यवस्था पूरी तरह बाधित हो गई।

परिणामस्वरूप मामूली बारिश में भी सड़कों पर पानी भर जाता है और लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। जलभराव से सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में गढ़ी मस्जिद, बाजारकला, बाजार मंडी स्थित सरवर गेस्ट हाउस के आसपास, मोहल्ला गढ़ी में पूर्व सभासद परवेज के आवास के निकट, शेरवानी टोला में शकील की दुकान के पास तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) शमशाबाद के आसपास का इलाका शामिल है।

इन क्षेत्रों में जलभराव के कारण राहगीरों, व्यापारियों, स्कूली बच्चों और स्थानीय निवासियों को रोजाना परेशानी झेलनी पड़ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पाइपलाइन डालने के बाद सड़कें पहले जैसी नहीं बनाई गईं और नालियों की सफाई भी नहीं कराई गई। नालियों में जमा मलबे के कारण बारिश का पानी निकल नहीं पा रहा है। बरसात के दौरान हालात और गंभीर हो जाते हैं तथा कई स्थानों पर गंदा पानी घरों और दुकानों के सामने तक भर जाता है। सबसे अधिक परेशानी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों को उठानी पड़ रही है। अस्पताल जाने वाले मुख्य मार्ग पर जलभराव होने से मरीजों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। कई बार एंबुलेंस सहित अन्य वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित होती है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं पर भी असर पड़ रहा है।

गौरतलब है कि इससे पहले भाजपा के मनोनीत सभासद जितेंद्र कुमार शाक्य भी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर कांवड़ मार्गों की बदहाल स्थिति और जल निगम की कार्यशैली पर सवाल उठा चुके हैं। अब नगर पंचायत द्वारा भी आधिकारिक शिकायत किए जाने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है। नगर पंचायत प्रशासन ने जल निगम से तत्काल सड़क मरम्मत, नालियों की सफाई और जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि बरसात के मौसम में आम जनता को राहत मिल सके। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि प्रशासन शीघ्र कार्रवाई कर शमशाबाद को जलभराव की समस्या से निजात दिलाएगा।नगर पंचायत अध्यक्ष के प्रतिनिधि नदीम फारुखी ने बताया कि नगर भर में जलभराव से शहर टापू बन गया है।

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हिन्दुस्थान समाचार / Chandrapal Singh Sengar

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