विकसित भारत–जी राम जी अधिनियम से ग्रामीणों को मिलेगा रोजगार का अधिकार : रामकेश निषाद
बांदा, 12 जनवरी (हि.स.)। विकसित भारत जी राम जी अधिनियम का उद्देश्य ग्रामीण रोजगार को केवल एक कल्याणकारी योजना न मानकर विकास से जुड़ी कानूनी गारंटी के रूप में स्थापित करना है, ताकि विकसित भारत–2047 के संकल्प को साकार किया जा सके। यह बात भाजपा के पार्टी कार्यालय में उत्तर
प्रदेश के जल शक्ति राज्यमंत्री रामकेश निषाद ने साेमवार काे पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहीं।
उन्होंने कहा कि यह अधिनियम ग्रामीण रोजगार को आधुनिक स्वरूप देने के साथ-साथ मनरेगा की पुरानी कमियों को दूर करने के लिए तकनीक आधारित पारदर्शिता, मजबूत जवाबदेही और स्थायी संसाधनों के निर्माण पर विशेष जोर देता है।
मंत्री रामकेश निषाद ने बताया कि इस अधिनियम के तहत ग्रामीण परिवारों को मिलने वाले रोजगार की गारंटी को 100 दिनों से बढ़ाकर 125 दिन कर दिया गया है, वहीं कुल मिलाकर 185 दिनों की रोजगार गारंटी का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही 60 दिन अतिरिक्त मजदूरी की भी कानूनी गारंटी दी गई है।
उन्होंने किसानों के हितों पर जोर देते हुए कहा कि फसल बोने और कटाई के प्रमुख मौसमों के दौरान अन्य विकसित भारत–जी राम जी के कार्यों को कानूनी रूप से रोका जाएगा, ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
रामकेश निषाद ने आगे कहा कि यदि किसी ग्रामीण द्वारा काम की मांग करने के 15 दिन के भीतर रोजगार उपलब्ध नहीं कराया जाता, तो उसे भत्ता दिया जाएगा। इसी तरह यदि काम का भुगतान मांग के 7 दिनों के भीतर नहीं होता, तो श्रमिक को ब्याज सहित भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा।
इस दाैरान भाजपा के सहयोगी दल सोहेल देव पार्टी के बुंदेलखंड अध्यक्ष बलवंत सिंह खेंगर, जिलाध्यक्ष कमलेश चौरसिया, लोकदल पार्टी के जिला प्रभारी नईम नेता, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जगराम सिंह, राष्ट्रीय परिषद सदस्य संतोष गुप्ता तथा भाजपा जिला मीडिया प्रभारी उत्तम सक्सेना सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।
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हिन्दुस्थान समाचार / अनिल सिंह

