हिंदू महासभा ने 60वीं पुण्यतिथि पर वीर सावरकर को किया नमन, भारत रत्न की मांग
सावरकर का महान उद्घोष बुध नहीं युद्ध आज समय की आवश्यकता-मनीष पांडेय
अयोध्या, 26 फ़रवरी (हि.स.)। वीर विनायक दामोदर सावरकर की 60वीं पुण्यतिथि के अवसर पर हिंदू महासभा द्वारा नया घाट स्थित नया मंदिर शीश महल अयोध्या में माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए नमन किया गया। इस अवसर पर हिंदू महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अधिवक्ता मनीष पांडेय ने कहा कि सावरकर का महान उद्घोष बुध नहीं युद्ध आज समय की आवश्यकता है। 10 मई 1957 को स्वतंत्रता संग्राम के शताब्दी वर्ष पर उनका दिया हुआ वक्तव्य आज भी प्रासंगिक है। जिसमें उन्होंने कहा था कि आज हमें बुद्ध की आत्मघाती नीति नहीं बल्कि युद्ध की विजय प्रदायिनी वीर नीति को अपनाना होगा।
उन्हाेंने कहा कि सावरकर का यह कथन वर्तमान समय में पूरी तरह सटीक बैठता है। श्री पांडेय ने आगे कहा कि सावरकर की तप त्याग और तपस्या के आगे वे कांग्रेसी क्षणभंगुर मात्र हैं, जिन्होंने सावरकर के चरित्र हनन का प्रयास समय-समय पर किया है। हिंदू महासभा के जिला उपाध्यक्ष महंत राम लोचन शरण शास्त्री राजन बाबा ने कहा कि सावरकर के चरित्र से युवाओं को प्रेरणा लेनी चाहिए और उनका चरित्र हनन करने वाले को पहले अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। सावरकर के विचारों और सिद्धांतों को अपनाना ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस दाैरान वीर सावरकर काे भारत रत्न दिये जाने की भी मांग की गई। श्रद्धांजलि देकर नमन करने वाले प्रमुख लोगों में आयुष ,प्रिंस ,अवनीश, सूरज, अभिषेक सिंह, विमल सिंह आदि उपस्थित रहें।
हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय

