अयोध्या : द्वितीय प्रतिष्ठा द्वादशी महोत्सव में रामचरितमानस पाठ का हुआ समापन
अयोध्या, 02 जनवरी (हि.स.)। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा आयोजित द्वितीय प्रतिष्ठा द्वादशी महोत्सव के पांचवे दिन शुक्रवार को रामचरितमानस उत्तरकाण्ड के तंह तंह धावन पठइ पुनि मंगल द्रव्य मगाइ| हरष समेत बसिष्ठ पद पुनि सिरु नायउ आइ| आठवें विश्राम के बाद अवधपुरी अति रुचिर बनाई| देवन्ह सुमन वृष्टि झरि लाई|| राम कहा सेवकन्ह बुलाई| प्रथम सखन्ह अन्हवावहु जाई|| से आगे का प्रसंग प्रारम्भ हुआ| कार्यक्रम में मानस प्रेमी श्रोता भी गायक टीम के साथ रामचरितमानस का पाठ करते रहे | ध्वनि विस्तारक यंत्रों से पूरे राम पथ पर मानस की चौपाइयां गूंजती रहीं|
श्री श्री मां आनंदमयी मानस परिवार कानपुर द्वारा सीता राम चरण रति मोरे, अनुदिन बढ़उं अनुग्रह तोरे संपुट के साथ व्यास कानपुर के योगेश भसीन ने श्री रामचरितमानस के उत्तरकाण्ड के आठवें विश्राम से आगे पाठ शुरू किया| मानस प्रेमी यजमान पूरी भक्तिभाव से ओतप्रोत हो पाठ में तल्लीन रहे| अंत में मानस के अंतिम श्लोक पुण्यं पापहरं सदाशिवकरं विज्ञान भक्तिप्रदमं, मयामोहमलापहं सुविमलं प्रेमाम्बुपूरं शुभम् | श्रीमद्रामचरित्रमानसमिदं भक्त्यावगाहन्ति ये| ते सन्सार पतंगघोरकिरणैर्दह्यान्ति नो मानवाः|| तक सस्वर परायण सबको विभोर करता रहा | संगीतमय श्री रामचरितमानस पाठ 23 सदस्यों द्वारा क्रमशः प्रस्तुत किया गया| मानस पाठ के बाद हनुमानचालीसा पाठ, श्रीराम लला की आरती श्रीरामचंद्र कृपालु भजमन हरण भवभय दारुणम के बाद मानस की आरती आरती श्रीरामायण जी की... के बाद विश्राम लिया गया| अंत में ट्रस्ट महासचिव चम्पतराय ने प्रतिष्ठा द्वादशी की व्यख्या करते हुए श्री श्रीमां आनंदमयी मानस परिवार कानपुर का परायण के लिए आभार व्यक्त किया| चम्पतराय व गोपाल राव ने मानस परिवार के सदस्यों को सम्मानित किया|
कार्यक्रम सयोजक प्रेम प्रकाश मिश्र के अनुसार समन्वयक व्यास योगेश भसीन, कुमार गौरव शुक्ला, ऋषिकेश निवासी स्वामी विज्ञानानंद, मुरैना के राजेश ठाकुर की देख रेख में मानस पाठी शास्त्रीय एवं सामान्य स्वरों में पाठ करते रहे| कार्यक्रम के सहयोग में मुख्यरूप से सत्येंद्र श्रीवास्तव, अजय कुमार मिश्रा, धनंजय पाठक, रामशंकर उर्फ़ टिन्नू, अश्वनी अग्रवाल, डॉ चंद्र गोपाल, नरेन्द्र आदि मौजूद रहे|
हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय

