अटल जी के विचारों और आदर्शों को आत्मसात करना ही सच्ची श्रद्धांजलि : प्रवीण कुमार शुक्ल

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अटल जी के विचारों और आदर्शों को आत्मसात करना ही सच्ची श्रद्धांजलि : प्रवीण कुमार शुक्ल


कानपुर, 16 अगस्त (हि.स.)। अटल बिहारी वाजपेयी के विचार, राष्ट्रसेवा की भावना और लोकतांत्रिक आदर्श आज भी समाज को दिशा देने का काम कर रहे हैं। उनके बताए मार्ग पर चलना और उनके आदर्शों को जीवन में उतारना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। यह बातें रविवार को ‘सदैव अटल’ कार्यक्रम के आयोजक एवं अवध स्मृति संस्थान के अध्यक्ष प्रवीण कुमार शुक्ल ने कहीं।

भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृति में अवध स्मृति संस्थान (पंजी.) उत्तर प्रदेश की ओर से ‘सदैव अटल’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में अटल जी के व्यक्तित्व, राष्ट्रसेवा, लोकतांत्रिक मूल्यों, साहित्यिक चेतना और राष्ट्रवादी विचारों को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों और उपस्थित लोगों के स्वागत से हुआ। इसके बाद अटल बिहारी वाजपेयी के जीवन, व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर आधारित वृत्तचित्र का प्रदर्शन किया गया। इसमें उनके जीवन संघर्ष, राजनीतिक यात्रा और राष्ट्र के प्रति योगदान को दर्शाया गया।

इसके बाद कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ। कवियों ने राष्ट्रभक्ति, सामाजिक सरोकारों और अटल जी के व्यक्तित्व पर आधारित रचनाएं प्रस्तुत कीं। प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में साहित्यिक और भावनात्मक रंग भर दिया।

सांसद रमेश अवस्थी ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी केवल राजनेता नहीं, बल्कि भारतीय राजनीति के ऐसे युगपुरुष थे, जिन्होंने अपने विचार, वाणी और आचरण से लोकतांत्रिक राजनीति को नई ऊंचाई दी। उनका जीवन राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने की प्रेरणा देता है और उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं।

मुख्य अतिथि डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने कहा कि अटल जी का जीवन समाज और राष्ट्र के निर्माण में योगदान देने की प्रेरणा देता है। उनके आदर्श वर्तमान पीढ़ी के लिए मार्गदर्शक हैं।

कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित किया गया। इनमें आईपीएस सत्यजीत गुप्ता, डॉ. हर्ष निगम, अजय पाण्डेय सहित अन्य विशिष्ट लोग शामिल रहे।

डॉ. हर्ष निगम ने कहा कि आयुष मंत्रालय के माध्यम से आयुर्वेद और होम्योपैथी को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। होम्योपैथी लंबे समय से सामान्य से लेकर गंभीर बीमारियों तक आमजन को लाभ पहुंचा रही है।

आगे उन्होंने कहा कि आयुष मंत्रालय की ओर से होम्योपैथी के विकास और विस्तार को बढ़ावा देना सीधे तौर पर समाजसेवा है। इस चिकित्सा पद्धति से लोगों को अपेक्षाकृत कम खर्च में उपचार की सुविधा मिलती है और यह लंबे समय से मरीजों के उपचार में उपयोगी रही है।

कार्यक्रम में प्रकाश पाल, देवेश कोरी, संघ के प्रांत संचालक भवानी भीख, एमएलसी सलिल विश्नाेई, मानवेन्द्र सिंह, अरुण पाठक, विधायक नीलिमा कटियार सहित अन्य लोग मौजूद रहे। सामाजिक एवं सांस्कृतिक संगठनों के पदाधिकारियों, साहित्यकारों, पत्रकारों और प्रबुद्धजनों ने भी सहभागिता की।

कार्यक्रम का संचालन अवध स्मृति संस्थान के अध्यक्ष प्रवीण कुमार शुक्ल ने किया। संस्थान के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने अतिथियों का स्वागत किया। राष्ट्रगान के साथ ‘सदैव अटल’ कार्यक्रम का समापन हुआ।

हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

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