एबीवीपी कानपुर प्रांत ने पांच लाख से अधिक सदस्यों को जोड़ने का रखा लक्ष्य
कानपुर, 09 अगस्त (हि.स.)। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) अपने स्थापना काल से ही प्रतिवर्ष सदस्यता अभियान चलाता आ रहा है। संगठन का विस्तार तभी संभव है, जब अधिक से अधिक छात्र-छात्राएं और शिक्षक इससे जुड़कर छात्रहित व समाजहित में अपनी भूमिका निभाएं। इस वर्ष कानपुर प्रांत में भी बड़े स्तर पर सदस्यता अभियान चलाकर नए कार्यकर्ताओं को संगठन से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। यह बातें रविवार को अभाविप के प्रांत उपाध्यक्ष डॉ. अजय आर्य ने कहीं।
कानपुर इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में रविवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद कानपुर प्रांत की सदस्यता कार्यशाला आयोजित हुई। शुभारंभ मां शारदे और स्वामी विवेकानंद के चित्र पर पुष्पार्पण के साथ किया गया। कार्यशाला में कानपुर प्रांत के 21 संगठनात्मक जिलों से करीब 220 छात्र-छात्राएं और शिक्षक कार्यकर्ता शामिल हुए।
प्रांत मंत्री दिनेश यादव ने कहा कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद 77 वर्षों से छात्र-छात्राओं और शिक्षकों के हित में कार्य कर रहा है। संगठन की ओर से राष्ट्रवादी विचार और सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए भी विभिन्न गतिविधियां संचालित की जाती हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से सदस्यता अभियान को व्यापक स्तर पर चलाने का आह्वान किया।
प्रांत संगठन मंत्री मनीष राय ने कहा कि इस वर्ष 5.42 लाख से अधिक विद्यार्थियों और शिक्षकों को परिषद से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। राष्ट्र को सर्वोपरि मानकर समाज और छात्रहित में काम करने के इच्छुक विद्यार्थियों का संगठन में स्वागत है। उन्होंने बताया कि सदस्यता और संगठन से जुड़ी जानकारी के लिए परिषद की ओर से जारी संपर्क माध्यमों तथा आधिकारिक वेबसाइट का सहारा लिया जा सकता है।
प्रांत सह संगठन मंत्री तरुण बाजपेई ने कहा कि अभाविप कार्यकर्ता निर्माण के माध्यम से व्यक्तित्व निर्माण के ध्येय पर काम करता है। उन्होंने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया के दौरान प्रांत के महाविद्यालयों में विद्यार्थियों की सहायता के लिए हेल्प डेस्क लगाए जाएंगे। नव प्रवेशित विद्यार्थियों के अभिनंदन समारोह भी आयोजित किए जाएंगे। सदस्यता अभियान के लिए जिलेवार और महाविद्यालय व प्रखंड स्तर पर टोलियां गठित की गई हैं।
कार्यशाला के समापन पर अभाविप चित्रकूट जिले के ‘गिरी पथ’ अभियान के पोस्टर का विमोचन किया गया। अभियान के माध्यम से कामदगिरि परिक्रमा मार्ग को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाने के साथ विद्यार्थियों को सेवा एवं पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
कार्यशाला में प्रांत उपाध्यक्ष डॉ. प्रियंका सिंह, मयंक पासवान, आयुषी त्रिपाठी, प्रियंका माथुर, निशेंद्र राजपूत, डॉ. विकास सिंह, सुधांशु त्रिपाठी, एल्विन ज्यूड कुमार, कृष्णा भदौरिया, प्रथम समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

