वर्दी का फर्ज निभाते-निभाते इंसानियत की मिसाल बन गया सिपाही, अपने खून से रोशन की मासूम की जिंदगी

WhatsApp Channel Join Now
वर्दी का फर्ज निभाते-निभाते इंसानियत की मिसाल बन गया सिपाही, अपने खून से रोशन की मासूम की जिंदगी


बांदा, 03 नवंबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के जनपद बांदा में पुलिस का मानवीय चेहरा एक बार फिर देखने को मिला, जब थाना बिसंडा की सिंहपुर चौकी में तैनात आरक्षी अनमोल गौतम ने अपने कर्तव्य से आगे बढ़कर मानवता की मिसाल पेश की। जब एक पिता अपनी तीन वर्षीय बीमार बेटी की जिन्दगी बचाने के लिए मदद हेतु पुलिस के पास पहुंचा, तब ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी उसके लिए उम्मीद की किरण बनकर सामने आया।

आज मंगलवार को थाना बिसंडा क्षेत्र के सिंहपुर निवासी भैरव सिंह अपनी तीन वर्षीय बीमार बेटी के लिए मदद की आस लेकर चौकी सिंहपुर पहुंचे। उनकी मासूम बेटी पीलिया से ग्रसित होने के कारण रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज, बांदा में भर्ती थी, जहां उपचार के दौरान उसे रक्त की तत्काल आवश्यकता थी। एक पिता अपनी नन्ही बच्ची की जिंदगी बचाने के लिए बेहद चिंतित था और उसकी आंखों में बस एक ही उम्मीद थी कि कहीं से मदद मिल जाए । पिता की पीड़ा और मासूम की जिंदगी की चिंता को समझते हुए चौकी सिंहपुर में तैनात आरक्षी अनमोल गौतम ने बिना किसी देरी और संकोच के रक्तदान करने का निर्णय लिया। वह तत्काल भैरव सिंह के साथ रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज, बांदा पहुंचे और बच्ची के लिए स्वेच्छा से रक्तदान किया। समय पर रक्त उपलब्ध होने से मासूम को उपचार में मदद मिली तथा एक पिता की चिंता को राहत, एक परिवार के चेहरे पर मुस्कान लौटी और एक मासूम को जिंदगी की उम्मीद मिली। इस मानवीय सहयोग से भावुक परिजनों ने आरक्षी का हृदय से आभार व्यक्त किया । आरक्षी के इस सराहनीय मानवीय प्रयास ने न केवल एक मासूम को जीवन की नई उम्मीद दी, बल्कि यह भी साबित कर दिया कि खाकी का फर्ज सिर्फ सुरक्षा तक ही सीमित नहीं, बल्कि इंसानियत के हर मुश्किल वक्त में किसी के लिए उम्मीद बनकर भी खड़ा है।

सिपाही के रक्तदान के बाद बच्ची को खून चढ़ाया गया। उपचार कर रहीं डॉ. दीपिका मिश्रा के अनुसार समय से रक्त उपलब्ध हो जाने और उपचार मिलने से संजना अब खतरे से बाहर है।

हिन्दुस्थान समाचार / अनिल सिंह

Livevns.news Desk
Livevns.news Desk

771996 Articles

Share this story