रिफाइनरी के नराकास को राष्ट्रीय स्तर पर मिला प्रतिष्ठित “नराकास प्रोत्साहन सम्मान”
मथुरा, 16 सितम्बर(हि.स.)। राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार, प्रभावी कार्यान्वयन और उत्कृष्ट गतिविधियों के क्षेत्र में मथुरा रिफाइनरी की अध्यक्षता में संचालित नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास, मथुरा) ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। समिति को वर्ष 2025-26 के लिए “उत्कृष्ट श्रेणी” में प्रतिष्ठित “नराकास प्रोत्साहन पुरस्कार” से सम्मानित किया है।
यह गौरवपूर्ण सम्मान नवी मुंबई में आयोजित हिंदी दिवस समारोह एवं छठवें अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन के दौरान अंशुली आर्या, सचिव, राजभाषा विभाग, गृह मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रदान किया गया। विवेक शर्मा, वरिष्ठ प्रबंधक (सीसी एवं सीएसआर), मथुरा रिफाइनरी ने समिति की ओर से यह सम्मान प्राप्त किया।
वर्तमान में देशभर में कुल 592 नराकास समितियां कार्यरत हैं। इनमें से वर्ष 2025-26 के दौरान राजभाषा हिंदी के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली समितियों का चयन कर यह पुरस्कार दिया गया है। राष्ट्रीय स्तर पर इस “उत्कृष्ट श्रेणी” में नराकास, मथुरा का चुना जाना इसके सदस्य कार्यालयों के समन्वित और सतत प्रयासों का प्रमाण है। नराकास, मथुरा के अंतर्गत वर्तमान में कुल 42 सदस्य कार्यालय कार्यरत हैं, जिनकी सक्रिय सहभागिता से कार्यालयों में हिंदी के प्रति एक सकारात्मक माहौल तैयार हुआ है।
मथुरा रिफाइनरी द्वारा वर्ष 1985 से लगातार नराकास, मथुरा की अध्यक्षता की जा रही है। समिति द्वारा समय-समय पर हिंदी कार्यशालाओं, प्रतियोगिताओं, संगोष्ठियों और विभिन्न राजभाषा गतिविधियों का आयोजन किया जाता है, जिससे दैनिक कार्यालयीन कार्यों में हिंदी का अधिकाधिक प्रयोग सुनिश्चित हो सके।
इस उल्लेखनीय सफलता पर मुकुल अग्रवाल, अध्यक्ष (नराकास मथुरा) एवं कार्यकारी निदेशक व रिफाइनरी प्रमुख ने पूरी टीम को बधाई दी है तथा भविष्य में भी ऐसे मील के पत्थर हासिल करने के लिए प्रेरित किया है।--------------------
हिन्दुस्थान समाचार / महेश कुमार

