प्रदेश में 6.22 लाख से अधिक पशुओं का हुआ टीकाकरण , पशुपालकों को दी योजनाओं की जानकारी
लखनऊ, 15 अक्टूबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश सरकार प्रदेश में पशुपालकों के कल्याण, पशुधन के संरक्षण तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इसी क्रम में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत संचालित ‘पशुपालन विभाग आपके द्वार’ कार्यक्रम के माध्यम से प्रदेशभर में पशुओं को सुलभ एवं निःशुल्क चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। मोबाइल वेटरनरी यूनिट (एमवीयू) के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में पशु चिकित्सा, उपचार, टीकाकरण तथा पशुपालकों को विभागीय योजनाओं के प्रति जागरूक करने का कार्य प्रभावी ढंग से किया जा रहा है।
पशुपालन विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, 17 सितंबर से 15 अक्टूबर तक प्रदेश के दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों में मोबाइल वेटरनरी यूनिट के माध्यम से कुल 16,311 पशु चिकित्सा शिविरों का सफल आयोजन किया गया। इन शिविरों के माध्यम से 1,99,722 पशुओं का त्वरित एवं निःशुल्क उपचार किया गया, जबकि संक्रामक रोगों से पशुधन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 6,22,733 पशुओं का टीकाकरण कराया गया। इसके अतिरिक्त, नस्ल सुधार कार्यक्रम को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 785 नर पशुओं का वैज्ञानिक विधि से बधियाकरण किया गया।
राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि पशुपालकों को सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से विभाग द्वारा जागरूकता गतिविधियां भी संचालित की जा रही हैं। इसके अंतर्गत 30,430 पशुपालकों को विभागीय योजनाओं से संबंधित प्रचार सामग्री एवं लीफलेट वितरित किए गए, जिससे उन्हें पशुपालन से जुड़ी योजनाओं, पशुओं की देखभाल तथा उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त हो सके।
प्रदेश सरकार का उद्देश्य 1962 हेल्पलाइन और मोबाइल वेटरनरी यूनिट के माध्यम से अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर अंतिम पशु को भी समय पर सुलभ एवं निःशुल्क चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत ‘पशुपालन विभाग आपके द्वार’ कार्यक्रम के माध्यम से पशुपालकों को उपचार, टीकाकरण और विभागीय योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने का यह अभियान प्रदेशभर में जारी रहेगा।
हिन्दुस्थान समाचार / बृजनंदन

