वित्तीय साक्षरता युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने का सशक्त माध्यम: प्रो. बत्रा
हरिद्वार, 05 नवंबर (हि.स.)। एसएमजेएन कॉलेज में आईक्यूएसी, करियर काउंसलिंग सेल एवं वाणिज्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में युवा नागरिकों के लिए वित्तीय शिक्षा विषय पर दो दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया। इसमें वाणिज्य विभाग के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया।
सेमिनार में सेबी स्मार्ट ट्रेनर राजीव जैन ने विद्यार्थियों को वित्तीय साक्षरता, आर्थिक प्रबंधन और बेहतर वित्तीय निर्णय लेने के गुर सिखाए। उन्होंने कहा कि युवाओं के लिए वित्तीय प्रबंधन की समझ बेहद जरूरी है। आय-व्यय में संतुलन, नियमित बचत, निवेश के विकल्पों की समझ और वित्तीय लक्ष्य तय करना जरूरी है।
निवेश से पहले योजना की पूरी जानकारी लें। उन्होंने वित्तीय धोखाधड़ी, साइबर फ्रॉड और अनधिकृत योजनाओं से सतर्क रहने की सलाह दी।
प्राचार्य प्रो. सुनील कुमार बत्रा ने कहा कि बदलते आर्थिक परिवेश में केवल शैक्षणिक ज्ञान पर्याप्त नहीं है, वित्तीय रूप से जागरूक होना भी आवश्यक है। वित्तीय शिक्षा युवाओं को संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग, बचत-निवेश की समझ और भविष्य की चुनौतियों का सामना करने में सक्षम बनाती है।
अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. संजय माहेश्वरी ने कहा कि युवावस्था से ही वित्तीय अनुशासन भविष्य में आर्थिक स्थिरता का आधार है। आवश्यकताओं और इच्छाओं में अंतर समझकर खर्च करना चाहिए।
कार्यक्रम का समन्वय रिचा मिनोचा एवं रिंकल गोयल ने किया। इस अवसर पर डॉ. शिवकुमार चौहान, डॉ. मनोज सोही, वैभव बत्रा, डॉ. गीता शाह सहित अनेक शिक्षक व विद्यार्थी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला

