मसूरी में जनजीवन प्रभावित,सुरकंडा धाम में भूस्खलन से भवन ढहा
मसूरी, 09 जुलाई (हि.स.)। मसूरी में गुरुवार को दिनभर हुई मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। शहर के कई हिस्सों में जलभराव, पहाड़ियों से मलबा आने और पेड़ गिरने की घटनाओं से यातायात प्रभावित रहा। दूसरी ओर प्रसिद्ध सिद्धपीठ मां सुरकंडा धाम के प्रवेश द्वार कद्दूखाल बाजार में होटल निर्माण के लिए की जा रही खुदाई के दौरान हुए भू-स्खलन से एक भवन ढह गया। प्रशासन की सतर्कता के कारण पहले ही आसपास के प्रतिष्ठानों और झुग्गियों को खाली करा दिए जाने से कोई जनहानि नहीं हुई।
बारिश के दौरान मसूरी-देहरादून मार्ग पर चिंगरी पेट्रोल पंप के निकट एक विशाल पेड़ सड़क पर गिर गया, जिससे कुछ समय के लिए यातायात बाधित हो गया और आसपास क्षेत्र की बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई। सूचना मिलने पर प्रशासन, लोक निर्माण विभाग और विद्युत विभाग की टीमों ने पेड़ हटाकर यातायात बहाल कराया तथा बिजली लाइन की मरम्मत शुरू की। लगातार बारिश के बीच शहर के विभिन्न क्षेत्रों से छोटे-बड़े भूस्खलन और मलबा आने की सूचनाएं भी मिली हैं। प्रशासन ने संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी है और लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
मसूरी के उपजिलाधिकारी राहुल आनंद ने बताया कि मौसम विभाग के रेड अलर्ट को देखते हुए जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने 10 जुलाई को जनपद देहरादून के कक्षा एक से 12 तक के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों और सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित किया है।
उधर, कद्दूखाल बाजार में होटल निर्माण के लिए पहाड़ी की कटिंग के दौरान लगातार बारिश से भू-स्खलन होने पर समीप स्थित एक भवन भरभराकर गिर गया। प्रशासन ने एहतियातन दो रेस्टोरेंट, कई अस्थायी दुकानों और मजदूरों की झुग्गियों को पहले ही खाली करा दिया था, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों की अनदेखी और पहाड़ियों की अत्यधिक कटिंग से हादसे का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। प्रशासन ने क्षेत्र की निगरानी बढ़ा दी है और लोगों को प्रभावित इलाके से दूर रहने की सलाह दी है।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय

