कर्मचारी पर भरोसा पड़ा भारी, 10 लाख का सटरिंग सामान गायब
हरिद्वार, 24 जून (हि.स.)। भरोसेमंद कर्मचारी पर रखा गया विश्वास एक ठेकेदार को भारी पड़ गया। ठेकेदार ने अपने लाखों रुपये के सटरिंग सामान को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी जिस कर्मचारी को सौंपी थी, उसी पर अब सामान गायब करने का आरोप लगा है। मामले में पुलिस कार्रवाई न होने पर पीड़ित को न्यायालय की शरण लेनी पड़ी, जिसके बाद कोर्ट के आदेश पर लक्सर कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया है।
एनएचएआई में ठेकेदारी कार्य करने वाले रामदर्शन सिंह ने न्यायालय में दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि काम बंद होने के बाद उन्होंने अपने कर्मचारी सौरभ कुमार के कहने पर सटरिंग का सामान उसके चाचा के यहां रखवा दिया था। इसके बदले वह हर माह सात हजार रुपये किराया भी देते रहे। शिकायत के अनुसार, रखे गए सामान में 240 सटरिंग प्लेट, 34 चौनल, तीन ड्रम, दो हैमर, पाना, चाबी सेट, 60 पाइप, जनरेटर और रस्सी समेत अन्य सामग्री शामिल थी। 27 जून 2025 को जब रामदर्शन सिंह सामान वापस लेने पहुंचे तो 110 सटरिंग प्लेट और 14 चौनल गायब मिले। उनका आरोप है कि चोरी हुए सामान की कीमत करीब 10 लाख रुपये है।
पीड़ित के अनुसार जब उसने सौरभ कुमार से सामान के बारे में पूछताछ की तो उसने अमित सैनी के साथ मिलकर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उन्होंने कोतवाली लक्सर और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार से शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।अंततः न्यायालय के आदेश पर लक्सर पुलिस ने सौरभ कुमार निवासी भोगपुर और अमित सैनी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। कोतवाली प्रभारी प्रवीण कोश्यारी ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला

