उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग ने उत्साह से मनाया रजत जयंती समारोह

WhatsApp Channel Join Now
उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग ने उत्साह से मनाया रजत जयंती समारोह


-यूकेपीएससी मित्रा मोबाइल ऐप लॉन्च

हरिद्वार, 15 मई (हि.स.)। उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग की स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में शुक्रवार को आयोग परिसर में रजत जयंती समारोह हर्षोल्लास एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारम्भ राष्ट्रीय गीत एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।

आयोग के अध्यक्ष डॉ. रवि दत्त गोदियाल ने मुख्य अतिथि के. आर्या, विशिष्ट अतिथि डॉ. सुधा रानी पाण्डे सहित अन्य अतिथियों का स्वागत करते हुए आयोग की 25 वर्षों की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि आयोग ने अब तक 220 से अधिक सीधी भर्ती परीक्षाओं के माध्यम से 25 हजार से अधिक अभ्यर्थियों का चयन किया है, जबकि पदोन्नति चयन को शामिल करने पर यह संख्या 40 हजार से अधिक हो जाती है।

डॉ. गोदियाल ने कहा कि आयोग युवाओं को निष्पक्ष एवं समान अवसर प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने भर्ती प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए वार्षिक परीक्षा कैलेंडर, ऑनलाइन दस्तावेज सत्यापन, परीक्षा केंद्रों के ऑनलाइन प्रबंधन तथा उत्तर पुस्तिकाओं के डिजिटल मूल्यांकन जैसी व्यवस्थाओं का उल्लेख किया।

समारोह में आयोग के दिवंगत पूर्व अध्यक्षों एवं सदस्यों को श्रद्धांजलि भी अर्पित की गई। इसके बाद आयोग के सचिव अशोक कुमार पाण्डेय ने आयोग की 25 वर्षों की यात्रा, पेपर लीक एवं फर्जी अभ्यर्थियों जैसी चुनौतियों तथा एआई आधारित तकनीकों एवं डिजीलॉकर जैसी प्रणालियों के उपयोग पर विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान आयोग की उपलब्धियों पर आधारित एक डॉक्यूमेंट्री का भी प्रदर्शन किया गया।

कार्यक्रम में पूर्व अध्यक्ष आनन्द सिंह रावत, डॉ. एन.एस. बिष्ट, जी.एस. नेगी सहित कई पूर्व सदस्यों ने अपने अनुभव साझा किए और आयोग की कार्यप्रणाली की सराहना की।

इस अवसर पर आयोग द्वारा स्मारिका मेधा के रजत जयंती विशेषांक का विमोचन किया गया। साथ ही आयोग के रजत जयंती लोगो का अनावरण भी किया गया, जिसे पूर्व अध्यक्ष मेजर जनरल आनन्द सिंह रावत ने डिजाइन किया है।

अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए आयोग ने यूकेपीएससी मित्रा मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया, जिसके माध्यम से परीक्षा संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से उपलब्ध होंगी। यह ऐप गुगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है।

मुख्य अतिथि कृश्न आर्य ने आयोग के शुरुआती दौर की चुनौतियों को याद करते हुए बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद आयोग ने शून्य से शिखर तक का सफर तय किया है। वहीं विशिष्ट अतिथि डॉ. सुधा रानी पाण्डे ने आयोग द्वारा चयनित अधिकारियों के उत्कृष्ट कार्यों को राज्य की प्रतिष्ठा से जोड़ा।

समारोह के दौरान पूर्व अध्यक्षों एवं सदस्यों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में वरिष्ठ सदस्य अनिल कुमार राणा ने सभी अतिथियों एवं कर्मचारियों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला

Share this story