उत्तराखंड में आरसीएस पोर्टल लॉन्च, ऑनलाइन हुई सहकारी सेवाएं

WhatsApp Channel Join Now
उत्तराखंड में आरसीएस पोर्टल लॉन्च, ऑनलाइन हुई सहकारी सेवाएं


देहरादून, 15 जून (हि.स.)। उत्तराखंड में सहकारिता क्षेत्र को आधुनिक, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाने की दिशा में आज एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। उत्तराखंड राज्य सहकारी संघ सभागार, देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने निबंधक सहकारी समितियां कार्यालय के अत्याधुनिक ऑनलाइन पोर्टल का शुभारंभ किया। इसके अलावा आयोग से चयनित 45 सहायक सहकारी निरीक्षकों (वर्ग-2) को नियुक्ति पत्र भी सौंपे गए।

इस अवसर पर डॉ. रावत ने कहा कि सहकारिता क्षेत्र को डिजिटल तकनीक से जोड़ना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि नव विकसित पोर्टल के माध्यम से सहकारी समितियों से जुड़ी सभी सेवाएं अब ऑनलाइन उपलब्ध होंगी, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी और कार्यों में तेजी आएगी। जिससे आमजन को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।

डॉ रावत ने कहा कि पोर्टल पर सहकारी समितियों का पंजीकरण, दस्तावेज अपलोड, शिकायत एवं सुझाव निस्तारण, नामांकन सत्यापन, वार्षिक प्रतिवेदन, ऑडिट प्रबंधन, सदस्यता संबंधी विवरण, दस्तावेज प्रबंधन तथा एमआईएस रिपोर्टिंग जैसी महत्वपूर्ण सेवाएं उपलब्ध रहेंगी।

नव नियुक्त सहायक सहकारी निरीक्षकों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए डॉ. रावत ने कहा कि वे विकसित भारत के युवा ब्रांड एम्बेसडर हैं और सहकारिता आंदोलन को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में उनकी अहम भूमिका होगी।

उन्होंने नव नियुक्त सहायक सहकारी निरीक्षकों को कहा कि वह प्रत्येक ब्लॉक में सहकारिता नेटवर्क को मजबूत करते हुए कम से कम एक बहुद्देशीय सहकारी समिति को आदर्श मॉडल के रूप में विकसित करें। सरकार की योजना प्रत्येक ब्लॉक में एक ‘सहकारिता ग्राम’ स्थापित करने की है, जिसे आपके समर्पण और नवाचार से शीघ्र साकार किया जा सकेगा।

डॉ. रावत ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में पहली नियुक्ति मिलना युवाओं के लिए एक अवसर है। उन्हें विश्वास जताया कि नव नियुक्त अधिकारी अपने कार्यों और नवाचारों के माध्यम से पर्वतीय क्षेत्रों के आर्थिक एवं सामाजिक विकास को नई गति देंगे। डॉ रावत ने कहा शीघ्र ही ब्लॉक स्तर पर 100 ऋण मेले लगाये जायेंगे, जिनके माध्यम से किसानों, काश्तकारों, युवाओं और स्वयं सहायता समूहों को ऋण वितरित किया जायेगा, इसके लिये विभागीय अधिकारियों को निर्देश दे दिये गये हैं।

सहकारिता सचिव डॉ. इकबाल अहमद ने कहा कि सहकारिता विभाग आज जन-जन से जुड़ा विभाग बन चुका है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में इसकी भूमिका लगातार बढ़ रही है।

कार्यक्रम के दौरान संयुक्त निबंधक मंगला प्रसाद त्रिपाठी ने नव नियुक्त सहकारी निरीक्षकों को विभागीय दायित्वों, कार्य प्रणाली व अपेक्षाओं से संबंधित प्रस्तुतीकरण भी दिया।

इस अवसर पर वरिष्ठ सहकार बंधु प्रदीप चौधरी, सुभाष रमोला, अनु सचिव सहकारिता सुरेंद्र दत्त बेलवाल, अपर निबंधक ईरा उप्रेती, आनंद एडी शुक्ल, संयुक्त निबंधक एमपी त्रिपाठी, रमेंद्री मंद्रवाल, उप निबंधक राजेश चौहान, मोनिका चुनेरा, सहायक निबंधक देहरादून बलवंत मनराल, राज्य सहकारी संघ के वरिष्ठ प्रबंधक त्रिभुवन रावत आदि उपस्थित रहे।

---------

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ विनोद पोखरियाल

Share this story