चारधाम यात्रा के लिए 10 करोड़ का बीमा: सतपाल महाराज ने मुख्यमंत्री को सौंपा चेक

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चारधाम यात्रा के लिए 10 करोड़ का बीमा: सतपाल महाराज ने मुख्यमंत्री को सौंपा चेक


-महाराज ने मुख्यमंत्री को सौंपा 3 लाख 67 हजार 995 की धनराशि का चेक

देहरादून, 16 मई (हि.स.)। राज्य में चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रदेश के पर्यटन, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने संस्था 'मानव उत्थान सेवा समिति' के माध्यम से तीर्थयात्रियों के लिए 10 करोड़ रुपए का दुर्घटना बीमा करवाया है। उन्होंने शनिवार को इस बीमा प्रीमियम की राशि 3 लाख 67 हजार 995 रुपए का चेक मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सौंपा।

उन्होंने कहा कि चारों धामों में आने वाले दर्शनार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मानव उत्थान सेवा समिति ने पिछले साल की तरह इस बार भी बीमा सुविधा दी है। यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड ने श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के माध्यम से दस करोड़ रुपए का दुर्घटना बीमा दिया गया है। इसके तहत प्रत्येक धाम का दुर्घटना बीमा 2.50 करोड निर्धारित किया गया है।

पर्यटन मंत्री महाराज ने बताया कि बीमा पॉलिसी के अनुसार मंदिर परिसर में भगदड़, ईश्वरीय जोखिम और आतंकवाद जोखिम पर प्रभावित प्रत्येक श्रृद्धालु को एक लाख की राशि दी जाएगी। उन्होंने बताया कि दर्शनार्थियों की सुरक्षा बीमा के तहत मानव उत्थान सेवा समिति की ओर से उनके द्वारा बीमा प्रीमियम की धनराशि सेवाकर सहित 367995 का चैक प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सौंपा दिया गया है।

उन्होंने चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं से अपील करते हुए कहा कि श्रृद्धालु यात्रा में आने से पहले डॉक्टर की सलाह अवश्य लें। अपनी स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार तैयारी करें। उन्हाेंने कहा कि ऊंचाई पर ऑक्सीजन की कमी के कारण स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इसलिए आवश्यक दवाएं और उपकरण साथ रखें। यात्रा के लिए आवश्यक दस्तावेज के रूप में पहचान पत्र और यात्रा अनुमति साथ रखें। यात्रा के दौरान सरकार की गाईड लाईन और दिशा निर्देशों का पालन अवश्य करें। स्थानीय प्रशासन का सहयोग करते हुए आपनी यात्रा को सुरक्षित और सफल बनायें।

इस अवसर पर श्री बद्रीनाथ श्री केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी और भाजपा युवा नेता सुयश रावत भी मौजूद रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ विनोद पोखरियाल

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