रेलवे भूमि अतिक्रमण प्रकरण, सुनवाई से पहले अलर्ट मोड में पुलिस,
हल्द्वानी , 24 फ़रवरी (हि.स.)। रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले में सुप्रीम कोर्ट के संभावित अहम फैसले से पूर्व जनपद पुलिस पूर्ण रूप से अलर्ट मोड पर है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजुनाथ टीसी स्वयं मैदान में उतरकर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं और पुलिस बल को फ्रंट से लीड कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सरकारी कार्यवाही के दौरान कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।निर्णय के उपरांत शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए जनपद में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। तैनाती में 3 अपर पुलिस अधीक्षक, 2 क्षेत्राधिकारी, 11 निरीक्षक व एसओ, 27 उपनिरीक्षक व अपर उपनिरीक्षक, 55 हेड कांस्टेबल व कांस्टेबल, 1 कंपनी आईआरबी और पीएसी की डेढ़ सेक्शन की प्लाटून शामिल है।
इसके अलावा दंगा नियंत्रण वाहन, फायर टेंडर, बम निरोधक दस्ता (बीडीएस) और सीपीयू की टीमें भी सक्रिय हैं। जनपद में व्यापक सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। सीमाओं पर सघन चेकिंग की जा रही है और संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जा रही है।
संदिग्ध व्यक्तियों पर नजर रखने के साथ ही बिना पहचान पत्र के घूमने वालों से पूछताछ की जा रही है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी पुलिस की पैनी नजर है। अफवाह या भ्रामक सूचना फैलाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। एसपी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल, क्षेत्राधिकारी हल्द्वानी अमित कुमार सैनी सहित अन्य अधिकारियों ने भी मोर्चा संभाला हुआ है। पुलिस प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि वे सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय का सम्मान करें और शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने या कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / अनुपम गुप्ता

