मंत्री के इलाके में पेयजल किल्लत पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा
जोधपुर, 11 जून (हि.स.)। कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल के विधानसभा अंतर्गत लूणी क्षेत्र में लंबे समय से बनी पेयजल समस्या को लेकर गुरुवार को बड़ी संख्या में ग्रामीणों और महिलाओं ने जिला कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। हाथों में मटकियां, पानी की बोतलें और मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर पहुंचे ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट के बाहर मटकियां फोडक़र विरोध जताया तथा नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे गौतम सिंह ने बताया कि क्षेत्र के हजारों ग्रामीण महीनों से पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। कई गांवों में नियमित जलापूर्ति नहीं होने के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करवाना राज्य की जिम्मेदारी है, जिसका उल्लेख संविधान में भी निहित है। ग्रामीणों द्वारा सौंपे गए ज्ञापन में चार प्रमुख मांगें रखी गईं। इनमें सभी प्रभावित गांवों के लिए स्थायी पेयजल परियोजना की लिखित कार्ययोजना एवं समय-सीमा सार्वजनिक करना, स्थायी व्यवस्था होने तक प्रत्येक प्रभावित परिवार को निशुल्क टैंकर जलापूर्ति अथवा प्रतिमाह दो हजार रुपए जल संकट मुआवजा देना, 24 घंटे डिजिटल हेल्पलाइन तथा टैंकरों की जीपीएस ट्रैकिंग व्यवस्था लागू करना और तीसरे पक्ष से भौतिक सत्यापन एवं ऑडिट करवाना शामिल है।
गौतम सिंह ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में जल योजनाओं की वास्तविक स्थिति और सरकारी दावों में बड़ा अंतर है। ग्रामीणों को योजनाओं की प्रगति एवं जलापूर्ति व्यवस्था की सही जानकारी नहीं मिल पा रही है, जिससे लोगों में लगातार असंतोष और जनाक्रोश बढ़ रहा है। प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने प्रशासन से शीघ्र प्रभावी कार्रवाई कर पेयजल समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित करने की मांग की।
हिन्दुस्थान समाचार / सतीश

