सैनिक स्कूल में हुई एयर राइफल और एयर पिस्टल प्रतियोगिता, सांगा हाउस रहा प्रथम

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सैनिक स्कूल में हुई एयर राइफल और एयर पिस्टल प्रतियोगिता, सांगा हाउस रहा प्रथम


चित्तौड़गढ़, 05 मई (हि.स.)। चित्तौड़गढ़ स्थित सैनिक स्कूल में सत्र 2026-27 के लिए अन्तर सदनीय 10 मीटर एयर राइफल और एयर पिस्टल प्रतियोगिता हुई, जिसमें कैडेट्स ने उत्साह से भाग लिया। समापन समारोह के मुख्य अतिथि कर्नल अनिल देव सिंह जसरोटिया थे। स्कूल की उप प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल पारुल श्रीवास्तव, स्कूल के सीनियर मास्टर ओंकार सिंह एवं प्रतियोगिता के संयोजक धीरज शर्मा ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया।

स्कूल के जनसंपर्क अधिकारी बाबूलाल शिवरान ने बताया कि इस प्रतियोगिता का उद्देश्य कैडेट्स में हाउस भावना, अनुशासन और खेल भावना विकसित करना, एकाग्रता, सटीकता और मानसिक शक्ति विकसित करना था। साथ ही स्कूल स्तर पर आगे के प्रशिक्षण के लिए प्रतिभाशाली निशानेबाजों की पहचान करना था। प्रतियोगिता इंटरनेशनल शूटिंग स्पोर्ट फेडरेशन के नवीनतम नियमों के अनुसार हुई। इसमें विद्यालय के सभी नौ सदनों से चयनित दो-दो कैडेट्स ने सीनियर एवं जूनियर वर्गों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतियोगिता के जूनियर पिस्टल वर्ग में सांगा हाउस के कैडेट अधिराज चाहर, सांगा हाउस के कैडेट अविराज सिंह एवं कुम्भा हाउस के कैडेट अमन कुमार ने सर्वश्रेष्ठ स्कोर किया।

प्रतियोगिता के सीनियर पिस्टल वर्ग में जयमल हाउस के कैडेट अनुज पूनिया, बादल हाउस के कैडेट तेजस चौधरी एवं हमीर हाउस के कैडेट मोहित चौधरी ने सर्वश्रेष्ठ स्कोर किया। प्रतियोगिता के जूनियर राइफल वर्ग में बादल हाउस के कैडेट इक्ष्वाकु, सांगा हाउस के कैडेट ऋषभ एवं सांगा हाउस के कैडेट आर्यन ने सर्वश्रेष्ठ स्कोर किया। प्रतियोगिता के सीनियर राइफल वर्ग में प्रताप हाउस के कैडेट ऋतिक, हमीर हाउस के कैडेट निधीश एवं कुश हाउस के कैडेट पुनीत चौधरी ने सर्वश्रेष्ठ स्कोर किया। समग्र प्रदर्शन के आधार पर सांगा हाउस ने प्रथम स्थान प्राप्त कर ट्रॉफी अपने नाम की। वहीं बादल हाउस द्वितीय एवं हमीर हाउस तृतीय स्थान पर रहे। रेफरी का कार्य शूटिंग कोच कृष्णा, सीएचएम मुनबुल नरजरी एवं पीटीआई हवलदार एम नवीन कुमार ने किया।

मुख्य अतिथि कर्नल जसरोटिया ने कहा कि निशानेबाजी केवल एक खेल नहीं, बल्कि आत्मसंयम, धैर्य और मानसिक संतुलन की उत्कृष्ट साधना है। उन्होंने कहा कि “असली संघर्ष बाहरी परिस्थितियों से नहीं, बल्कि अपने भीतर की अस्थिरता से होता है। जो कैडेट अपने मन को नियंत्रित कर लक्ष्य पर पूर्ण एकाग्रता बनाए रखता है, वही सच्चा विजेता बनता है।” उन्होंने कैडेट्स को निरंतर अभ्यास, अनुशासन एवं आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि ने विजेता हाउस को ट्रॉफी प्रदान की गई तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कैडेट्स को सम्मानित किया।

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हिन्दुस्थान समाचार / अखिल

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