जेएनवीयू को समाज सुधार की गतिविधियों से जोड़ा जाएगा

WhatsApp Channel Join Now
जेएनवीयू को समाज सुधार की गतिविधियों से जोड़ा जाएगा


जोधपुर, 27 अगस्त (हि.स.)। जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय के सामाजिक सरोकार प्रकल्प के सलाहकार मंडल की प्रथम बैठक विश्वविद्यालय के अतिथि गृह में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कुलपति प्रो. पवन कुमार शर्मा द्वारा की गई। बैठक में विश्वविद्यालय को सीधे तौर पर समाज सुधार की गतिविधियों से जोडऩे के उद्देश्य से कई सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ और जन-जागरूकता बढ़ाने महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

कुलगुरु प्रो शर्मा ने बैठक में विश्वविद्यालय को सामाजिक समस्याओं के प्रति स्वयं को प्रांसगीक बनाने की रणनीति पर विचार करने का निर्देश दिया। सलाहकार मंडल के सदस्यों ने अपने सुझावों द्वारा प्रकल्प को विश्वविद्यालय और समाज के बीच ब्रिज बनाने की कार्यनीति पर विचार किया।

प्रकल्प द्वारा थैलीसीमिया से पीडि़त बच्चों के लिए विश्वविद्यालय में रक्तदान शिविर और इस संदर्भ में जागरूकता शिविर आयोजित करने का निर्णय लिया गया। विश्वविद्यालय और समाज के युवाओं में संवैधानिक मूल्यों, मौलिक अधिकारों और कर्तव्यों की समझ विकसित करने के लिए संभाग स्तर पर व्यापक अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत स्कूलों, कॉलेजों और ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष व्याख्यान, प्रश्नोत्तरी और कार्यशालाओं का आयोजन होगा।

युवा पीढ़ी को नशे की लत से बचाने और समाज को नशा मुक्त करने के लिए प्रकल्प द्वारा शैक्षणिक संस्थानों में नशा मुक्ति संकल्प कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। चिकित्सा विशेषज्ञों, परामर्शदाताओं (काउंसलर्स) और नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से युवाओं को जागरूक किया जाएगा।

मारवाड़ अंचल और ग्रामीण क्षेत्रों से बाल विवाह जैसी कुप्रथा के उन्मूलन के लिए प्रकल्प विशेष रूप से काम करेगा। इसके तहत गांवों के विद्यालयों में चर्चाएं आयोजित की जाएंगी और ग्रामीण महिलाओं व युवाओं को कानून की जानकारी देकर जागरूक किया जाएगा।

बैठक में प्रकल्प के प्रभारी डॉ दिनेश गहलोत, डॉ अर्जुन सिंह सांखला, डॉ कृति भारती, डॉ अरविन्द कच्छवाह, सुरेन्द्र सिंह राजपुरोहित उपस्थित रहे। सभी सदस्यों ने इन मुद्दों पर अपने महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए। अंत में प्रकल्प प्रभारी अधिकारी डॉ दिनेश गहलोत द्वारा सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया गया।

हिन्दुस्थान समाचार / सतीश

Share this story