राशन डीलर पर 202 क्विंटल गेहूं गबन का आरोप, फर्जी हस्ताक्षरों से लाभार्थियों के नाम काटे
सलूंबर, 2 अप्रैल (हि.स.)। सलूंबर जिले की सराड़ा तहसील के बाणा कला गांव में सरकारी राशन के गेहूं में बड़े पैमाने पर अनियमितता का मामला सामने आया है। उचित मूल्य दुकान के डीलर वालतराम डांगी पर करीब 202 क्विंटल गेहूं का गबन करने और खाद्य सुरक्षा योजना (NFSA) के लाभार्थियों के फर्जी हस्ताक्षर कर उनके नाम सूची से हटाने का आरोप लगा है। जिला रसद विभाग की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी डीलर के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सराड़ा थानाधिकारी रमेश कुमार अहारी के अनुसार गेहूं गबन की शिकायत परिवर्तन निरीक्षक द्वारा दी गई थी, जिसके आधार पर मामला दर्ज किया गया है। पुलिस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर रही है और दोषी पाए जाने पर आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विभागीय जांच में सामने आया कि आरोपी डीलर ने सरकार के “गिव-अप अभियान” का दुरुपयोग करते हुए कई लाभार्थियों के फर्जी हस्ताक्षर कर उनके नाम राशन सूची से हटवा दिए। जांच टीम ने जब संबंधित लाभार्थियों से पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं थी। रिकॉर्ड में दर्ज हस्ताक्षर भी उनके वास्तविक हस्ताक्षरों से मेल नहीं खा रहे थे, जिससे धोखाधड़ी की पुष्टि हुई।
प्रवर्तन अधिकारी (सलूंबर) और प्रवर्तन निरीक्षक (सराड़ा) द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन में भी भारी गड़बड़ी सामने आई। बाणा कला दुकान पर पोस मशीन में 14,984 किलोग्राम गेहूं दर्ज था, जबकि मौके पर केवल 582.9 किलोग्राम ही मिला। इसी तरह बाणा खुर्द की दुकान पर 8,167 किलोग्राम गेहूं दर्ज था, लेकिन मौके पर कोई स्टॉक नहीं पाया गया। बाद में दबाव पड़ने पर आरोपी डीलर ने 2,933 किलोग्राम गेहूं वापस किया।
दोनों दुकानों को मिलाकर कुल 20,212 किलोग्राम यानी लगभग 202.12 क्विंटल गेहूं का अंतर पाया गया। अनियमितताएं सामने आने के बाद प्रशासन ने बाणा कला दुकान का संचालन वैकल्पिक व्यवस्था के तहत सल्लाडा-ए के डीलर दिलीप कुमार जैन को सौंप दिया है। पुलिस अब पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।
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हिन्दुस्थान समाचार / सुनीता

