राजस्थान पुलिस कल्याण निधि बोर्ड की बैठक में लिए संवेदनशील और दूरदर्शी निर्णय:डीजीपी
जयपुर, 13 मई (हि.स.)। राजस्थान पुलिस परिवार के कल्याण, सुरक्षा और सामाजिक संबल को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में बुधवार को राजस्थान पुलिस कल्याण निधि बोर्ड की 26वीं बैठक आयोजित की गई। पुलिस मुख्यालय सभागार में आयोजित बैठक की अध्यक्षता राजीव कुमार शर्मा ने की।
बैठक में पुलिसकर्मियों और उनके परिवारों के हितों से जुड़े विभिन्न विषयों पर गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ चर्चा की गई। इस दौरान पुलिस कल्याण को नई मजबूती देने वाले अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए। बैठक को संबोधित करते हुए डीजीपी राजीव कुमार शर्मा ने कहा कि पुलिस बल का मनोबल मजबूत रखना और उनके परिवारों को सुरक्षा व सम्मान का भाव देना विभाग की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। बैठक में वित्तीय अनुशासन और पारदर्शिता पर जोर देते हुए राजस्थान पुलिस कल्याण निधि के वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्यय विवरण का अनुमोदन किया गया। डीजीपी श्री शर्मा ने कल्याणकारी योजनाओं में पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया।
यह बैठक सेवानिवृत्त पुलिसकर्मियों के लिए राहत का संदेश लेकर प्रतीत हुई। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि सेवारत पुलिसकर्मियों के साथ ही अब सेवानिवृत्त पुलिसकार्मिकों को भी गंभीर एवं दीर्घकालिक बीमारियों के इलाज में होने वाले व्यय के लिए आर्थिक सहायता पुलिस कल्याण निधि से दी जाएगी। बैठक में एक अत्यंत मानवीय और संवेदनशील निर्णय लेते हुए संतान ऑपरेशन प्रसूति पर होने वाले व्यय के संबंध में राहत प्रदान करने का निर्णय लिया गया। निर्णय अनुसार संतान ऑपरेशन प्रसूति पर होने के बाद गंभीर स्थिति में होने वाले अतिरिक्त व्यय राशि को निर्धारित सीमा में आर्थिक सहायता के रूप में उपलब्ध कराया जाएगा। यह निर्णय विशेष रूप से उन पुलिस परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित होगा, जिन्हें चिकित्सा व्यय के कारण आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
बैठक में तृतीय बटालियन आरएसी बीकानेर के स्वर्गीय कांस्टेबल रतनदीप मीणा के निधन के उपरांत उनके नाम स्वीकृत 5 लाख रुपये की बकाया ऋण राशि को अपलेखित करने का निर्णय लिया गया। बैठक में सीआईडी-सीबी जयपुर के हैड कांस्टेबल हरिकिशोर द्वारा तकनीकी एवं व्यवसायिक छात्रवृत्ति की दरें बढ़ाने एवं उन्हें समान करने का विषय उठाया गया। बोर्ड ने इस विषय को राजस्थान पुलिस हितकारी निधि से संबंधित मानते हुए इसका परीक्षण कर आगामी बैठक में निर्णय के लिए प्रस्तुत करने का निर्णय लिया।
पुलिस लाईंस में संचालित पुलिस कैंटीनों व लाईब्रेरी को आधुनिक और सुविधायुक्त बनाने के लिए उन्हें अपग्रेड करने संबंधी प्रस्ताव प्राप्त करने का भी निर्णय लिया गया। डीजीपी शर्मा ने कहा कि पुलिसकर्मियों को गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराना उनके मनोबल और कार्यक्षमता को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
बैठक में नवसृजित जिला एवं यूनिटों में सीपीसी कैंटीन खोलने के प्रस्ताव आमंत्रित करने का निर्णय भी लिया गया। इससे दूरस्थ एवं नवगठित इकाइयों में कार्यरत पुलिसकर्मियों को भी कल्याणकारी सुविधाओं का लाभ समान रूप से मिल सकेगा। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि समस्त जिलों, यूनिटों एवं प्रशिक्षण संस्थानों से राजस्थान पुलिस कल्याण निधि नियम 1986 के तहत कल्याणकारी कार्यों हेतु आवश्यक प्रस्ताव मय एस्टीमेट आमंत्रित किए जाएंगे। इस पहल से विभिन्न इकाइयों में आवश्यक सुविधाओं का विकास और पुलिसकर्मियों के कार्यस्थल का वातावरण और अधिक बेहतर बनाया जा सकेगा।
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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश

