गाय को राष्ट्रमाता का दर्जा देने की मांग पर उमड़ा गौभक्तों का सैलाब, कलक्टर को सौंपे 11 लाख संकल्प पत्र

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गाय को राष्ट्रमाता का दर्जा देने की मांग पर उमड़ा गौभक्तों का सैलाब, कलक्टर को सौंपे 11 लाख संकल्प पत्र


गाय को राष्ट्रमाता का दर्जा देने की मांग पर उमड़ा गौभक्तों का सैलाब, कलक्टर को सौंपे 11 लाख संकल्प पत्र


बीकानेर, 27 जुलाई (हि.स.)। गौसम्मान आह्वान अभियान के अन्तर्गत भारत के सभी जिलों में गोहत्या बंद सहित अनेकों मांगो का मांग पत्र कलेक्टर के माध्यम से केंद्र तक पहुंचाने के लिए दिया जा रहा है। इसी क्रम में बीकानेर के राजकीय करणी सिंह स्टेडियम से लेकर जिला कलक्ट्रेट तक गौभक्तों द्वारा विशाल रैली निकाली गई। मंगलवार सुबह राष्ट्रव्यापी गौ सम्मान आह्वान अभियान के तहत राष्ट्रीय संत सरजूदास जी महाराज के नेतृत्व में हजारों गौभक्तों ने श्रीकृष्ण नाम संकीर्तन के साथ जिला कलक्टर को प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति व राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया गया। इस दौरान उन्हें 11 लाख संकल्प पत्र भी सौंपे गए।

राष्ट्रीय संत सरजूदास जी महाराज ने बताया कि गौ सम्मान अभियान आह्वान का मुख्य उद्देश्य यही है कि गौमाता को राष्ट्रमाता का दर्जा मिले, गोसेवा मंत्रालय का गठन हो तथा गौहत्या पर पूर्णत: प्रतिबंध लगे। गौहत्या बंद हो, गौमाता व नंदी को संवैधानिक मान्यता मिले, राष्ट्रमाता, राष्ट्र आराध्या अथवा राष्ट्र देव के रूप में अधिकारिक मान्यता मिले। गौवंश के संरक्षण, सम्पोषण एवं संवर्धन के लिए पशुपालन विभाग से पृथक पूर्णत: स्वतंत्र गौपालन मंत्रालय का गठन हो। गोचर भूमि संरक्षण, गोअभ्यारण्य स्थापना, नंदीशाला स्थापना, लगभग प्रत्येक 50 किमी के भीतर गौवाहिनी एम्बूलेंस एवं आपातकालीन सेवा उपलब्ध हो। पॉलिथिन पर पूर्णत: प्रतिबंध लगे सहित अनेक बिन्दुओं का ज्ञापन दिया जाएगा।

सींथल पीठाधीश्वर महंत क्षमारामजी महाराज ने कहा कि भारत देश में ही यदि गौमाता सुरक्षित नहीं तो फिर अन्य देशों से क्या अपेक्षा रखी जा सकती है। इसलिए सर्वप्रथम देशभर में गौ सम्मान आह्वान अभियान की सभी मांगों को माना जाए और गौमाता को सच्चा सम्मान प्रदान किया जाए।

महंत महामंडलेश्वर विशोकानंद भारती जी महाराज ने कहा कि यदि गौ-वंश की रक्षा नहीं की गई तो यह समाज और संस्कृति दोनों के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। उन्होंने कहा कि गौ-रक्षा केवल धार्मिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और राष्ट्रीय जिम्मेदारी भी है, जिसके लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा।

इससे पूर्व शंकरपुरी बाबा, अमरीश पुरी बाबा, अरविन्द आनंद, ध्याननाथजी महाराज, फूलगिरि बाबा, बृहस्पतगिरि बाबा, पन्नानाथजी महाराज, सुभाषगिरि महाराज, नरेन्द्रनाथ महाराज सहित अनेक संत-महात्माओं ने उद्बोधन दिया। महामंडलेश्वर सरजूदास जी ने बताया कि इस अभियान का प्रथम चरण 27 अप्रेल 2026 को था जिसमें तहसील स्तर पर तहसीलदार व एसडीएम के माध्यम से ज्ञापन दिए गए थे। दूसरा चरण आज मंगलवार, 27 जुलाई को जिला स्तर पर तथा तीसरे चरण में राज्य स्तर पर ज्ञापन दिया गया।

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हिन्दुस्थान समाचार / राजीव

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