कुथाड़ा में मिट्टी माफियाओं का कहर, पहाड़ी,तलाई और बांध की भूमि को 60 फीट तक खोदा

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कुथाड़ा में मिट्टी माफियाओं का कहर, पहाड़ी,तलाई और बांध की भूमि को 60 फीट तक खोदा


जयपुर, 06 सितंबर (हि.स.)। कुथाड़ा खुर्द में मिट्टी माफियाओं का कहर देखने को मिल रहा है। पुलिस प्रशासन और जयपुर विकास प्राधिकरण अधिकारियों की मिलीभगत के चलते मिट्टी माफिया 5 तलाई, एक बांध और कुछ पहाडिय़ों का अस्तित्व मिटा चुके है। इसको लेकर ग्रामीण कई बार शिकायत कर चुके है, लेकिन कार्रवाई के नाम पर पुलिस और जेडीए खानापूर्ति कर लौट जाता है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार आगरा रोड पर स्थित हरड़ी, कुथाड़ा खुर्द और कुथाड़ा कला में मिट्टी और खनन माफियाओं सक्रिय है। मिट्टी माफियाओं ने कुथाड़ा खुर्द और कुथाड़ा कला में 5 तलाई, एक बांध और कुछ छोटे पहाड़ों का नामो निशान मिटा दिया। मिट्टी माफियाओं ने तलाई और बांध को करीब 40 से 70 फीट गहराई तक खोद दिया। गहराई से निकलने के लिए वाहन को एक से किलाेमीटर की दूरी तय करनी पड़ी है।

बस्सी तहसील का कुथाड़ा कला और कुथाड़ा खुर्द गांव जेडीए के 24 में स्थित है। भूमाफियाओं ने सरकारी भूमि, पहाडी-तलाई व बांध जिसका खसरा नम्बर 381 एवं 125 व 1729/384 की मिट्टी मोरम को 60 फीट से गहरा खोद कर बेच दिया। इससे सरकार को लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हुआ है। स्थानीय लोगो ने जेडीए को इसकों लेकर पत्र लिखा है। पत्र में ग्रामीणों ने सरपंच शंकर लाल, ग्राम सचिव के कार्यकाल में भारी वित्तीय अनिमितताएं व सरकारी धन का दुरुपयोग, अवैध खनन से राजस्व का भारी नुकसान किया गया है अपने लोगों को नियम विरूद लाभ पहुंचाने, अवैध पट्टे बांटने, तलाइयों से 100 फीट तक गहरे गड्डे खनन करवाया है। विशेष बात यह है कि इस इलाके से जयपुर-बान्दीकुई राजमार्ग के लिए अवैध रूप से मिट्टी बेची गई है। अवैध खनन का काम वर्तमान में भी जारी है। मिट्टी माफिया अवैध खनन का काम चोरी-छिपे और रात में करता है।

अवैध खनन की शिकायत करने वाले ग्रामीणों को मिट्टी और खनन माफिया द्वारा जान से मारने की धमकी की भी धमकी दी जा चुकी है। खास बात यह है कि सरकारी अफसर ही शिकायतकर्ता के नम्बर और नाम मिट्टी और खनन माफिया को पहुंचाते है। ग्रामीण अवैध खनन सहित अन्य शिकायत पुलिस, एसडीएम, स्थानीय विधायक, जेडीए और जिला प्रशासन को कई बार कर चुके है। लेकिन शिकायतों पर कार्रवाई नहीं होने से ग्रामीणों में सरकार के प्रति आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि शिकायत के बाद थाना पुलिस मौके पर आती है और कार्रवाई के नाम पर खानापूर्ति कर लौट जाती है। इसके बाद माफिया थाना पुलिस की सेवा कर धडल्ले से अवैध कारोबार करता रहता है। सो रहा खनन विभाग आगरा रोड पर कानोता, बस्सी और तूंगा के आस-पास की पहाडिय़ों पर दिन-रात अवैध खनन हो रहा है। खनन विभाग सूचना के बाद भी नींद में है। खनन विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से अवैध खनन दिन दूनी और रात चौगुनी गति से बढ़ रहा है। पहाड़ और जंगल खत्म होते जा रहे है। इससे आस-पास के इलाकों का पर्यावरणीय चक्र और जंगली जीवों का अशियाना खत्म होते जा रहे है। इससे जंगली जीव भोजन-पानी की तलाश में आस-पास के ग्रामीण इलाकों में पहुंच रहे है। जंगली जीवों के हमले की यहां कई घटनाएं भी सामने आ चुकी है।

इस संबंध में जेडीए ईओ(तहसीलदार), जोन-24 दिलीप चौधरी ने बताया कि कुथाड़ा खुर्द और कुथाड़ा कला में मिट्टी माफियाओं द्वारा सरकारी भूमि, तलाई, बांध से मिट्टी और पहाड़ से मोरम व पत्थर का अवैध खनन करने की शिकायत मिली है। ग्रामीणों की इस शिकायत की मौके पर जाकर तस्दीक करवाई जाएगी, इसके बाद मिट्टी माफिया पर कार्रवाई की जाएगी।

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हिन्दुस्थान समाचार / राजेश

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