ग्वालियर में 15 फीट ऊंची दीवार अचानक ढह गई, दबने से एक महिला की मौत, पति-देवर गंभीर घायल
ग्वालियर, 19 जुलाई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के चिरवाई नाका इलाके में रविवार सुबह एक निर्माणाधीन 15 फीट ऊंची दीवार अचानक ढह गई। मलबे की चपेट में आने से एक महिला की मौत हो गई। जबकि उसके पति और देवर गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है।
ग्वालियर के चिरवाई नाका क्षेत्र में रविवार सुबह करीब 6 से 7 बजे के बीच यह हादसा हुआ। पहाड़ी पर बनी 15 फीट ऊंची कंक्रीट की रिटेनिंग वॉल भरभराकर गिर गई। इस हादसे के वक्त दीवार के पास ही 40 वर्षीय तराना उर्फ सपना अपने पति राहुल उर्फ लल्ली जाटव (42) और देवर पप्पू जाटव के साथ चाय और सिगरेट का ठेला लगा रही थी। पप्पू कुछ दिन पहले ही अपने भाई-भाभी से मिलने आया था और सुबह तीनों ठेले के पास ही खड़े थे, तभी भारी-भरकम दीवार सीधे उनके ऊपर आ गिरी। हादसे की भयावहता को देखते हुए प्रशासन ने तुरंत मोर्चा संभाला और मलबे को हटाने के लिए 5 जेसीबी और 2 क्रेनों को काम पर लगाया। रेस्क्यू टीम ने जब तक मलबे से बाहर निकाला, तब तक तराना की सांसें थम चुकी थीं, वहीं दोनों भाइयों को गंभीर हालत में जेएएच के ट्रॉमा सेंटर भेजा गया।
मूल रूप से गोल पहाड़िया संजय नगर के रहने वाले राहुल और तराना वर्तमान में गुड़ा-गुड़ी के नाके पर किराए का कमरा लेकर रह रहे थे। परिजनों के अनुसार, दोनों ने कुछ साल पहले प्रेम विवाह किया था, जिसके बाद तराना ने अपना नाम बदलकर सपना रख लिया था। यह जोड़ा चिरवाई नाका पर रोज सुबह चाय का ठेला लगाकर मेहनत-मजदूरी से अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहा था, लेकिन रविवार की सुबह उनके खुशहाल जीवन के लिए काल बनकर आई। एक ही झटके में परिवार की रीढ़ टूट जाने से परिजनों और स्थानीय निवासियों में गहरा शोक व्याप्त है।
इस हादसे के बाद स्थानीय आक्रोशित लोगों ने नगर निगम द्वारा बनाई जा रही इस दीवार के निर्माण पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि करीब दो महीने पहले शुरू हुए इस निर्माण कार्य में भारी लापरवाही बरती गई, दीवार को जरूरत से ज्यादा ऊंचा बनाया गया और उसमें पर्याप्त सरिया व मानक सामग्री का उपयोग नहीं किया गया।
कलेक्टर रुचिका चौहान ने बताया कि शुरुआती जानकारी के अनुसार, जहां कंक्रीट की दीवार गिरी, उसके ठीक पीछे एक अन्य मकान का निर्माण कार्य भी चल रहा था और उसकी भारी निर्माण सामग्री दीवार के पीछे डंप की गई थी, जिससे दीवार पर दबाव बढ़ा। कलेक्टर ने कहा है कि निर्माण सामग्री की गुणवत्ता और अन्य सभी पहलुओं की जांच के लिए एक विशेष जांच दल गठित किया जा रहा है और जो भी व्यक्ति या संबंधित एजेंसी इस कोताही के लिए जिम्मेदार पाई जाएगी, उसके खिलाफ सख्त से कार्रवाई की जाएगी।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / उम्मेद सिंह रावत

