उमरिया में भूख और प्यास से 13 गायों की मौत, प्रशासन ने की जांच शुरू
उमरिया, 05 जून (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उमरिया जिले में 13 गायों की मौत का मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया है। अलग-अलग स्थानों पर हुई इन मौतों को लेकर ग्रामीणों ने भीषण जल संकट और मवेशियों की उपेक्षा को जिम्मेदार ठहराया है। वहीं प्रशासन ने मामले की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
जानकारी के अनुसार बिलासपुर तहसील के ग्राम करुआ में शुक्रवार को खेत के समीप आठ गायों के शव मिले। ग्रामीणों का दावा है कि क्षेत्र में गंभीर जल संकट के कारण मवेशियों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा है, जिससे उनकी मौत हुई। घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई की।
वहीं दूसरा मामला चंदिया तहसील के ग्राम मड़वा से सामने आया है। यहां एक शासकीय प्राथमिक विद्यालय परिसर में पांच गायों के मृत मिलने की सूचना है। ग्रामीणों का आरोप है कि गायों को स्कूल परिसर में बंद कर दिया गया था, जिसके कारण वे भूख और प्यास से तड़पती रहीं और उनकी मौत हो गई।
जिले में लगातार बढ़ रही गर्मी और जल संकट के बीच हुई इन घटनाओं ने पशुओं के संरक्षण और पेयजल व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जब लोगों को ही पर्याप्त पानी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है तो मवेशियों की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए बांधवगढ़ एसडीएम अंबिकेश प्रताप सिंह ने कहा कि घटना की जानकारी प्रशासन के संज्ञान में आ चुकी है और इसकी जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद क्षेत्र में प्रशासन की जल आपूर्ति व्यवस्थाओं और गौवंश संरक्षण को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। फिलहाल प्रशासन मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच में जुटा हुआ है।
हिन्दुस्थान समाचार / सुरेन्द्र त्रिपाठी

