मंदसौर में शताब्दी वर्ष हिन्दू सम्मेलन संपन्न, पंच परिवर्तन विषयों पर हुआ विस्तृत बौद्धिक

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मंदसौर में शताब्दी वर्ष हिन्दू सम्मेलन संपन्न, पंच परिवर्तन विषयों पर हुआ विस्तृत बौद्धिक


मंदसौर, 04 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के मंदसौर में रविवार को शताब्दी वर्ष हिन्दू सम्मेलन का आयोजन शहीद उद्यम सिंह बस्ती, स्टेशन रोड पर भव्य रूप से किया गया। इस सम्मेलन का उद्देश्य समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने हेतु पंच परिवर्तन विषयों - समरसता, पर्यावरण संरक्षण, नागरिक कर्तव्य, स्वदेशी और कुटुम्ब प्रबोधन- के प्रति जनजागरण करना रहा। कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में माता-बहने, बुजुर्गजन एवं युवा वर्ग के लोग उत्साहपूर्वक उपस्थित रहे।

सम्मेलन की मुख्य वक्ता टीना शर्मा रहीं, जो दुर्गा वाहिनी मालवा प्रांत की विद्यार्थी प्रमुख एवं मंदसौर विभाग संयोजिका हैं। शासकीय शिक्षिका के रूप में कार्यरत टीना शर्मा ने अपने बौद्धिक संबोधन में पंच परिवर्तन के महत्व को सरल एवं प्रेरक उदाहरणों के माध्यम से प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि समरसता के बिना समाज मजबूत नहीं बन सकता और पर्यावरण संरक्षण आज केवल विकल्प नहीं बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। साथ ही उन्होंने स्वदेशी को अपनाने, अपने परिवार को संस्कारों से जोड़ने तथा जिम्मेदार नागरिक बनने पर विशेष बल दिया।

उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयासों से बड़ा सामाजिक परिवर्तन संभव है और प्रत्येक व्यक्ति को अपने दैनिक जीवन में इन पंच परिवर्तन विषयों को आत्मसात करना चाहिए। उनका संबोधन उपस्थित जनसमूह के लिए अत्यंत प्रेरणादायी रहा।

इस अवसर पर रविन्द्र सोहनी ने भी बौद्धिक सत्र को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्य, उद्देश्य एवं समाज निर्माण में उसकी भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने संघ के संगठनात्मक ढांचे, सेवा कार्यों एवं सामाजिक समरसता के प्रयासों की जानकारी दी, जिसे श्रोताओं ने ध्यानपूर्वक सुना।

कार्यक्रम का संचालन प्रवीण मिंडा ने कुशलतापूर्वक किया। मंच संचालन के दौरान उन्होंने वक्ताओं का परिचय कराया तथा कार्यक्रम की गरिमा को बनाए रखा। आभार किशन गोयल ने किया। आयोजन के दौरान अनुशासन, सहभागिता एवं सामाजिक सौहार्द का सुंदर उदाहरण देखने को मिला। कार्यक्रम के समापन के पश्चात सभी उपस्थितजनों के लिए सहभोज का आयोजन किया गया, जिसमें सभी ने आपसी आत्मीयता के साथ सहभागिता की । कुल मिलाकर यह हिन्दू सम्मेलन समाज को दिशा देने वाला, प्रेरक एवं सफल आयोजन सिद्ध हुआ।

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हिन्दुस्थान समाचार / अशोक झलोया

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