राजगढ़ः नववर्ष पर मंदिरों में उमड़ा श्रद्वालुओं का सैलाब, पुलिस प्रशासन रहा सतर्क
राजगढ़, 01 जनवरी (हि.स.)। नए साल के पहले दिन मध्य प्रदेश के राजगढ़ शहर के समीप पहाड़ी पर स्थित सिद्वपीठ जालपा माता मंदिर, सुठालिया स्थित मां वैष्णोंदेवी मंदिर, घुरेल पहाड़ी स्थित पशुपतिनाथ मंदिर, नरसिंहगढ़ स्थित महादेव मंदिर व गढ़ी सरकार, सारंगपुर के भैंसवा माता मंदिर, ब्यावरा में खाटू श्याम मंदिर, वैष्णोंदेवी मंदिर व अंजनीलाल धाम सहित अन्य मंदिरों में सुबह से ही भक्तजनों का सैलाव उमड़ा, जो देर रात्रि तक अनवरत रुप से जारी रहा है।
सिद्वपीठ जालपा माता मंदिर में सुबह से दर्शन के लिए दूर-दराज से भक्त पहुंचने लगे। पूरा पहाड़ी क्षेत्र माता के जयकारों से गंूज उठा। बढ़ती भीड़ को देखते हुए कानून व्यवस्था और यातायात सुचारु बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सतर्क रहा। एएसपी केएल.बंजारे, एसडीओपी अरविंदसिंह और थानाप्रभारी सहित यातायात पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थाएं संभाली साथ ही मंदिर मार्ग पर वाहनों की आवाजाही नियंत्रित की। सारंगपुर स्थित प्रसिद्व शक्तिपीठ मां बिजासेन भैंसवामाता मंदिर में भारी भीड़ उमड़ी। इस मौके पर भक्तजनों ने पारंपरिक आस्था के तहत पैदल यात्रा कर मां को ध्वज अर्पित किए। भक्तों के द्वारा मंदिर प्रांगण में सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया गया, जिससे वातावरण धार्मिक एवं भक्तिमय हो गया। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर लीमाचौहान थाना पुलिस जवानों को विशेष रुप से तैनात किया गया।
ब्यावरा नगर के खाटूश्याम मंदिर में नववर्ष पर विशेष श्रद्वा का माहौल देखा गया। दूर-दराज से पहुंचे श्रद्वालुओं ने बाबा खाटू श्याम के दर्शन कर वर्ष भर के लिए सुख,शांति और समृद्वि की कामना की। इस अवसर पर मंदिर परिसर को विशेष रुप से सजाया गया। इसी क्रम में शहर के अंजनीलाल मंदिर में सुबह से ही भक्तों की भीड़ देखी गई।
घुरेल पहाड़ी स्थित पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई, जहां भक्तों ने भगवान पशुपतिनाथ का आशीर्वाद लेकर नए साल की शुरुआत की।सुठालिया नगर में स्थित मां वैष्णोंदेवी मंदिर पर सुबह से भक्तों को पहुंचना शुरु हुआ। सुठालिया के आसपास के क्षेत्रों से आए श्रद्वालुओं ने भक्तिभाव से मां के दर्शन कर सुख-समृद्वि की कामना की। नरसिंहगढ़ स्थित महादेव मंदिर व गढ़ी सरकार पर नववर्ष के उपलक्ष्य में विशेष धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, जहां दिनभर भक्तों की लंबी-लंबी कतारें लगी रही। सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने के लिए नरसिंहगढ़ थाना का पुलिसबल तैनात रहा, जिससे दर्शन सुचारु रुप से सम्पन्न हो सके। इस अवसर पर विशेष रुप से देखा गया कि लोग पाश्चात्य संस्कृति के बजाय सनातन परंपरा और भारतीय संस्कृति के अनुरुप देव दर्शन और भक्तिभाव से नववर्ष की शुरुआत कर रहे थे। पंचांग के अनुसार नववर्ष गुड़ी प्रतिपदा से प्रारंभ होता है, इसके बावजूद श्रद्वालुओं ने अंग्रेजी नववर्ष को भारतीय संस्कृति की भावना से पूजा- अर्चना और धार्मिक आयोजनों के माध्यम से मनाया।
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हिन्दुस्थान समाचार / मनोज पाठक

