मप्रः ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों के क्रियान्वयन के लिए जन-प्रतिनिधियों की क्षमता-वर्धन कार्यशाला संपन्न
- इन्दौर एवं सागर में प्रशिक्षण में 105 नगरीय निकायों के 240 से अधिक जन-प्रतिनिधि हुए शामिल
भोपाल, 17 जुलाई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के नगरीय प्रशासन एवं आवास विभाग द्वारा राज्य के नगरीय निकायों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2026 और उच्चतम न्यायालय के आदेश के परिपालन में शुक्रवार को एक दिवसीय क्षमता-वर्धन प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इन्दौर एवं सागर संभाग के नगरीय निकायों के जन-प्रतिनिधियों के व्यावहारिक एवं प्रशासनिक कौशल को विस्तार देने के लिए कार्यशालाएं इन्दौर और सागर में आयोजित की गईं।
स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के दिशा-निर्देशों के अंतर्गत आयोजित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य स्तर से इम्पैनल्ड स्वच्छता नॉलेज पार्टनर्स एआईआईएलएसजी, भोपाल द्वारा होटल दीपाली, सागर में और फीडबैक फाउंडेशन द्वारा सोलारिस होटल एण्ड क्लब, इन्दौर में कुशलतापूर्वक संपन्न कराया गया। कार्यशाला में उपस्थित जन-प्रतिनिधियों को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2026 के प्रमुख विधिक प्रावधानों, स्वच्छता प्रबंधन की अत्याधुनिक नवीन व्यवस्थाओं और नगरीय निकायों की भूमिका एवं उत्तरदायित्वों के विषय में विस्तारपूर्वक एवं प्रामाणिक जानकारी प्रदान की गई।
सत्रों में स्रोत स्तर पर अपशिष्ट के पृथक्करण, डोर-टू-डोर अपशिष्ट संग्रहण, वैज्ञानिक रीति से प्रसंस्करण एवं सुरक्षित निपटान, सिंगल यूज प्लास्टिक के पूर्ण उन्मूलन, सार्वजनिक सहभागिता और व्यवहार परिवर्तन संचार जैसी अत्यंत महत्वपूर्ण गतिविधियों पर विशेष जोर दिया गया।
स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के आदर्शों के अनुरूप स्वच्छ, स्वस्थ और पर्यावरण-अनुकूल शहरों के निर्माण में जन-प्रतिनिधियों की पथ-प्रदर्शक भूमिका पर भी गहन विमर्श किया गया। कार्यक्रम में विषय-विशेषज्ञों द्वारा प्रशासनिक, तकनीकी एवं सामुदायिक आयामों को साझा किया गया और स्थानीय स्तर की चुनौतियों व उनके व्यावहारिक समाधानों पर सार्थक संवाद किया।
स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) अंतर्गत उक्त क्षमता-वर्धन कार्यक्रम, जन-प्रतिनिधियों को स्वच्छता एवं अपशिष्ट प्रबंधन से संबद्ध महत्वाकांक्षी योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन में पूर्णतः सक्षम बनाएंगे। साथ ही यह अभिनव प्रयास प्रदेश के नगरीय क्षेत्रों को स्वच्छ, सुसज्जित तथा पर्यावरणीय दृष्टिकोण से दीर्घकालिक रूप से संवहनीय बनाने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
कार्यशाला में इन्दौर नगर निगम महापौर पुष्यमित्र भार्गव, बुरहानपुर नगर निगम महापौर माधुरी अतुल पटेल, सागर नगर निगम महापौर संगीता तिवारी, एमआईसी मेम्बर कंचन जाडिया, संगीता जैन, राजकुमार पटेल एवं संभागीय संयुक्त संचालक आर.पी. नायक और इन्दौर व सागर संभागों के अंतर्गत आने वाले 105 नगरीय निकायों के 240 से अधिक अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं सभापतिगणों ने सहभागिता की।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

