बहू और पोते की मौत से आहत सास ने लगाई फांसी
उज्जैन, 15 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन में भैरवगढ़ क्षेत्र में बहू और नवजात की मौत के बाद अवसाद में चल रही सास ने दो दिन पहले फांसी लगाने का प्रयास किया था। उसे गंभीर हालत में उपचार के लिए निजी अस्पताल में भर्ती करवाया था। दो दिन तक चले उपचार के बाद बुधवार देर रात में महिला ने दम तोड़ दिया। गुरूवार को पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सौपा गया।
भेरूगढ़ थाना प्रभारी आरएस शक्तावत ने बताया कि क्षेत्र में रहने वाली अंगूरी बाई पति हीरालाल केवट 40 वर्ष ने दो दिन पहले अपने मकान की ऊपरी मंजिल के कमरे में साड़ी का फंदा बनाकर फांसी लगा ली थी। घटना के समय घर के अन्य सदस्य नीचे थे। कुछ देर बाद परिवार की दो बच्चियों ने महिला को फंदे पर लटका देखा और शोर मचाया। शोर सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और तुरंत अंगूरी बाई को फंदे से उतार लिया। अंगूरी बाई को परिजन अचेत अवस्था में तत्काल निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए आईसीयू में भर्ती किया। दो दिन तक चले उपचार के बाद बुधवार रात उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले को जांच में लिया है।
बहू की मौत से थी तनाव में
गुरुवार सुबह पुलिस को महिला के पुत्र राजेश ने पुलिस को बताया कि उसकी मां पिछले कुछ समय से अवसाद में थी। करीब दो माह पहले पत्नी कविता और नवजात की डिलीवरी के दौरान मौत हो गई थी। इस घटना के बाद से अंगूरी बाई मानसिक रूप से काफी परेशान रहने लगी थी। परिजनों के अनुसार मंगलवार को बहू कविता का कार्यक्रम रखा गया था। घर में श्रद्धांजलि सभा चल रही थी। इसी दौरान अंगूरी बाई ऊपर के कमरे में चली गई और फांसी लगा ली। समय रहते उसे नीचे उतार लिया गया था, लेकिन हालत गंभीर होने के कारण वह होश में नहीं आ सकी।
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हिन्दुस्थान समाचार / ललित ज्वेल

