(अपडेट) प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया को भारत बनाने का ऐतिहासिक कार्य किया : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

WhatsApp Channel Join Now
(अपडेट) प्रधानमंत्री मोदी ने इंडिया को भारत बनाने का ऐतिहासिक कार्य किया : मुख्यमंत्री डॉ. यादव


- कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में इंडिया से भारत : एक प्रवास पुस्तक का हुआ विमोचन

भोपाल, 05 मई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इंडिया को भारत बनाने के लिए एक नहीं, अनेक ऐतिहासिक और स्मरणीय कार्य किए हैं। हमारी न्याय व्यवस्था के निर्णय से जहां अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर का निर्माण बिना किसी की आपत्ति के संभव हुआ वहीं, राष्ट्र गीत वंदे मातरम् की गरिमा लौटाने, पड़ोसी देश को शक्ति का एहसास करवाने से लेकर कोरोना के समय राष्ट्रवासियों और अन्य देशों को भी मैत्री सहयोग का उदाहरण प्रस्तुत किया गया। इन सभी कदमों से सशक्त भारत का निर्माण हुआ है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार देर शाम भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में प्रज्ञा प्रवाह द्वारा आयोजित कार्यक्रम में इंडिया से भारत : एक प्रवास'' पुस्तक के विमोचन समारोह को संबोधित कर रहे थे। पुस्तक की भूमिका राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने लिखी है। विमोचन कार्यक्रम में मंत्रिमंडल के अनेक सदस्य उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुस्तक के लेखक प्रशांत पोल को बधाई देते हुए कहा कि यह पुस्तक उनकी लेखन यात्रा का नया पड़ाव है। उन्होंने इस के लेखन में काफी परिश्रम किया है। यह सत्य है कि वर्ष 2014 से वर्ष 2026 तक के प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल को देखें तो इसे राष्ट्र के लिए स्वर्णिम काल कह सकते हैं। हमारे जवान अभिनंदन की पड़ोसी देश से जब ससम्मान वापसी होती है तो राष्ट्र की शक्ति पर गर्व का अनुभव होता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र को न्यायपालिका से शक्ति मिलती है। सुप्रीम कोर्ट ने जब राम मंदिर के निर्माण का निर्णय दिया तो पूरे देश ने स्वागत किया। अयोध्या में आयोजित कार्यक्रम में वे व्यक्ति भी उपस्थित थे जिन्होंने मंदिर निर्माण के विरोध में समय-समय पर याचिकाएं दायर की थीं। यह भारत है जहां सभी सद्भाव और समरसता के साथ रहते हैं। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के बाद उस वंदे मातरम की उपेक्षा की गई जिसने क्रांतिकारियों के लिए संजीवनी का कार्य किया था। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने राष्ट्रगीत की गरिमा लौटने का कार्य किया है।

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे वरिष्ठ पत्रकार हेमंत शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव जैसे योग्य नेताओं के कारण इंडिया को भारत बनाया जा सकता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जहां विक्रमादित्य वैदिक घड़ी की स्थापना के माध्यम से भारत के प्राचीन गौरव का स्मरण करवाया है वहीं राम पथ और कृष्ण पाथेय के विकास और समृद्ध अतीत की याद दिलवाने वाले सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य के मंचन भी उनकी प्राथमिकताओं में शामिल हैं। शर्मा ने कहा कि एक पुस्तक के लेखन से आगे जाकर सांस्कृतिक पुनर्जागरण के लिए ठोस कार्य करना आवश्यक है। मध्यप्रदेश इस दिशा में उदाहरण बन रहा है।

कार्यक्रम में पुस्तक के लेखक प्रशांत पोल ने कहा कि उन्होंने ग्यारह अध्याय में पुस्तक लेखन करते हुए यह रेखांकित करने का प्रयास किया है कि भारत दीन-हीन और लाचार नहीं था। वर्ष 1965 में गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री बलवंत राय मेहता की मृत्यु पाकिस्तानी फाइटर पायलट के हमले से हो गई थी। इसे साधारण बात मान लिया गया। स्वतंत्रता के बाद वर्ष 1977 में आम जनता ने परिवर्तन की राह चुनी। अस्सी के दशक के मध्य से विश्व में बदलाव की सुगबुगाहट हो रही थी। भारत में भी उन दिनों बहुत कुछ हो रहा था। भारत ही नहीं समूचे दक्षिण पूर्व एशिया के आराध्य प्रभु श्रीराम अपनी जन्म भूमि में ताले में बंद थे। वर्तमान शताब्दी की चर्चा करें तो गत 12 वर्ष में इंडिया को भारत बनाने का अहम कार्य हुआ है।

कार्यक्रम में दीपक‍शर्मा ने पुस्तक के केंद्रीय भाव पर अपने विचार व्यक्त किए। प्रज्ञा प्रवाह के धीरेन्द्र चतुर्वेदी, विद्या भारती के राष्ट्रीय अध्यक्ष रविन्द्र कान्हेरे और प्रभात प्रकाशन के राकेश सिंह भी कार्यक्रम में उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री को किया अध्ययन ग्रंथ भेंट

विमोचन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव को 2 अध्ययन ग्रंथ भी भेंट किए गए। सुशासन के परिपेक्ष में सूचना के अधिकार अधिनियम का मध्य प्रदेश के विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा पालन एवं सुझाव अध्ययन ग्रंथ मध्य प्रदेश पॉलिसी रिसर्च एंड एनालिसिस लीग द्वारा प्रकाशित किया गया है। दूसरा ग्रंथ प्रज्ञा परामर्श न्यास प्रज्ञा प्रवाह मध्य भारत प्रांत द्वारा प्रकाशित है जिसका शीर्षक है युवा मंथन: सोच सरोकार और संभावनाएं। दूसरे ग्रंथ के मुख्य शोधकर्ता अभिषेक शर्मा हैं जो युवा आयाम प्रमुख प्रज्ञा प्रवाह मध्य भारत प्रांत हैं। ग्रंथ के सहायक शोधकर्ताओं में भूपेंद्र सिंह जाटव, संचिता जैन, डॉ. सविता भदोरिया, कोकिला चतुर्वेदी और अंबुज तिवारी शामिल हैं। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित थे।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

Share this story