महिला स्व-सहायता समूहों को ‘मैहर डॉल्स’ से जोड़ेगा जिला प्रशासन

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महिला स्व-सहायता समूहों को ‘मैहर डॉल्स’ से जोड़ेगा जिला प्रशासन


मैहर, 14 मई (हि.स.)। मध्यप्रदेश के मैहर जिले में आजीविका मिशन से जुड़ी महिला स्व-सहायता समूहों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने ‘मैहर डॉल्स’ ब्रांड के तहत नया नवाचार शुरू किया है। इस पहल के माध्यम से उत्कृष्ट स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को जोड़कर विभिन्न प्रकार की गुड़िया निर्माण गतिविधियों से रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा।

महिलाओं को गुड़िया बनाने के लिए आवश्यक प्रशिक्षण, कच्चा माल, ब्रांडिंग और मार्केटिंग में भी जिला प्रशासन द्वारा सहयोग दिया जाएगा। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने महिला स्व-सहायता समूहों के सशक्तीकरण के लिए इस नवाचार की शुरुआत की है।

कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित बैठक में ‘मैहर डॉल्स’ योजना का प्रेजेंटेशन प्रस्तुत किया गया। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत शैलेन्द्र सिंह, एसडीएम एसपी मिश्रा, दिव्या पटेल, आरती सिंह, सीएमओ सुषमा मिश्रा, जिला कार्यक्रम अधिकारी राजेन्द्र बांगरे, जनपद पंचायतों के सीईओ और जिला पंचायत के परियोजना अधिकारी गौरव शर्मा सहित आजीविका मिशन के अधिकारी मौजूद रहे।

बैठक में कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने महिला स्व-सहायता समूहों से वन-टू-वन चर्चा कर उनके कार्यों और गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि ‘मैहर डॉल्स’ की यह छोटी शुरुआत महिलाओं के जीवन में बड़ा बदलाव ला सकती है।

उन्होंने बताया कि प्रथम चरण में 25 स्व-सहायता समूहों की महिलाओं का चयन कर उन्हें एनआईडी और एनआईएफटी के माध्यम से डॉल्स निर्माण का प्रशिक्षण दिलाया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद महिलाएं विभिन्न पेशों और पारंपरिक स्वरूपों पर आधारित अलग-अलग प्रकार की डॉल्स तैयार कर सकेंगी।

कलेक्टर ने कहा कि ‘मैहर डॉल्स’ की ब्रांडिंग और मार्केटिंग में जिला प्रशासन हर संभव सहयोग करेगा। इस प्रोजेक्ट में तैयार उत्पादों पर लागत से आठ से दस गुना तक लाभ मिलने की संभावना है।

उन्होंने यह भी कहा कि मां शारदा मंदिर में बड़ी मात्रा में चढ़ने वाले फूल और नारियल की जटा का उपयोग कर धूप और अगरबत्ती जैसे उत्पाद भी तैयार किए जा सकते हैं। कलेक्टर ने कहा कि ‘मैहर डॉल्स’ को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने के लिए उत्पादों की डिजाइन और फिनिशिंग पर विशेष ध्यान देना होगा।

हिन्दुस्थान समाचार / हीरेन्‍द्र द्विवेदी

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