इंदौरः कलेक्टर की संवेदनशील पहल, दिव्यांग सुनील नई पहचान के साथ लौटा सम्मान की मुख्यधारा में
- जनसुनवाई में पौने तीन सौ आवेदनों का निराकरण, कलेक्टर ने किसी को शिक्षा तो किसी को इलाज के लिए दी मदद
इंदौर, 02 दिसम्बर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के इंदौर में प्रति मंगलवार की तरह इस मंगलवार भी कलेक्टर कार्यालय में कलेक्टर शिवम वर्मा की विशेष उपस्थिति में जनसुनवाई संपन्न हुई। जनसुनवाई में कलेक्टर वर्मा ने आवेदकों की समस्याओं को पूर्ण मानवीय संवेदनाओं के साथ सुनकर उनका गंभीरता के साथ निराकरण सुनिश्चित किया। इंदौर की जनसुनवाई मानवता का नया मंच बन रही है। आज भी एक ऐसा मामला दिखाई दिया, जब एक दिव्यांग के जीवन की झलक बदल गई, वह नई पहचान के साथ सम्मान की मुख्य धारा में वापस आया। जनसुनवाई में आज कलेक्टर वर्मा ने किसी को उच्च शिक्षा तो किसी को इलाज के लिए मदद दी।
कलेक्टर शिवम वर्मा की विशेष उपस्थिति में हुई इस जनसुनवाई के दौरान आज एक दिल छू लेने वाला और मानवीय संवेदना से परिपूर्ण मामला सामने आया। जनसुनवाई में जब दिव्यांग नागरिक सुनील आहूजा अत्यंत अस्त-व्यस्त अवस्था में अपनी समस्या लेकर पहुंचे, तो कलेक्टर वर्मा ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल विशेष निर्देश दिए। कलेक्टर ने सुनील की हालात देखकर तुरंत निर्देश दिए कि सुनील को स्नान कराकर, दाढ़ी–कटिंग करवाकर, साफ-सुथरे नए वस्त्र उपलब्ध कराए जाएं, ताकि वह सम्मानपूर्वक व व्यवस्थित रूप से रह सकें। उनके निर्देशों का पालन करते हुए सामाजिक न्याय विभाग ने महाकाल ग्रुप के सहयोग से तत्काल कार्रवाई की। महाकाल ग्रुप के जेयू जोशी एवं उनकी टीम ने आगे बढ़कर सुनील आहूजा को स्नान कराया, उनकी ग्रूमिंग (दाड़ी, हेयर कटिंग) करवाई तथा नए वस्त्र पहनाए। कुछ ही समय में जो दिव्यांग अस्त-व्यस्त रूप में पहुंचा था, वह स्वच्छ, सुसज्जित और आत्मविश्वास से भरे स्वरूप में सभी के सामने उपस्थित हुआ। कलेक्टर ने इस दिव्यांग को मोट्रेट ट्राईसिकल और पेंशन भी स्वीकृत की।
यह पहल न केवल प्रशासन की संवेदनशीलता का उत्कृष्ट उदाहरण है, बल्कि समाज में मानवता और गरिमा की पुनर्स्थापना की प्रेरक मिसाल भी है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने सामाजिक न्याय विभाग व महाकाल ग्रुप के इस सहयोग की प्रशंसा करते हुए कहा कि ज़रूरतमंदों की गरिमा और सम्मान की रक्षा करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
कलेक्टर ने जनसुनवाई में होनहार बालिका को दी उच्च शिक्षा के लिए सहायताकलेक्टर शिवम वर्मा के समक्ष जनसुनवाई में एक होनहार बालिका रक्षा रँगानी पहुँची। उसने बताया कि मैं आईआईटी से एआई का कोर्स करना चाहती हूँ। मेरे परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है। मुझे उच्च शिक्षा हेतु आर्थिक सहायता की जरूरत है। कलेक्टर ने तत्काल 50 हजार रुपये की सहायता राशि स्वीकृत की। रक्षा रँगानी ने इस सहयोग के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं कलेक्टर शिवम वर्मा के प्रति आभार व्यक्त किया। रक्षा ने कहा कि उच्च शिक्षा प्राप्त कर जब वह सक्षम हो जाएगी और उसे आय प्राप्त होने लगेगी, तब वह भी अन्य ज़रूरतमंद बालिकाओं की सहायता करेगी।
जनसुनवाई में प्राप्त हुए 275 आवेदनकलेक्टर वर्मा ने बताया कि आज की जनसुनवाई में लगभग 275 आवेदन प्राप्त हुए। सभी आवेदकों की समस्याएँ गंभीरता से सुनी गई। जिन प्रकरणों का निराकरण त्वरित संभव था उनका तुरंत समाधान किया गया। अन्य मामलों में निर्धारित समयसीमा में जांच कर कार्रवाई की जा रही है।
नीलगिरी परिसर के रहवासियों की समस्याएँ होंगी निराकृत
कलेक्टर वर्मा के समक्ष प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत निर्मित नीलगिरी परिसर के रहवासियों ने मेंटेनेंस, लिफ्ट एवं बोरिंग संबंधी समस्याएँ रखीं। कलेक्टर श्री वर्मा ने नगर निगम के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे निलगिरी परिसर में आवश्यकता के अनुसार तुरंत बोरिंग करवाये एवं जल्द ही लिफ्ट की मरम्मत करें। साथ ही यह परिसर रहवासी संघ को हस्तांतरित करते हुए भविष्य में मेंटेनेंस की व्यवस्था भी सुनिश्चित करें। साथ ही सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाए। कलेक्टर ने निर्देशित किया है कि परिसर में कैंप लगाकर सभी समस्याओं का शीघ्र समाधान कराया जाए।
जनसुनवाई में इसी तरह दिव्यांग जीवन मालवीय को ट्राईसिकल भी हाथों-हाथ दिलवाई। देपालपुर में रहने वाले इस दिव्यांग को तात्कालिक आर्थिक सहायता के रूप में 15 हजार रुपये की मदद भी दी गई। इसी प्रकार एक अन्य महिला को कैंसर के उपचार के लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने निर्देशित किया कि इस महिला का इलाज नि:शुल्क कराया जाए। जनसुनवाई में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सिद्धार्थ जैन, अपर कलेक्टर नवजीवन विजय पवार तथा रोशन राय सहित अन्य अधिकारियों ने भी समस्याओं को सुनवाई उनका निराकरण किया।
कलेक्टर से मिले नए प्रशिक्षु डिप्टी कलेक्टर, कलेक्टर कार्यालय में देखी जनसुनवाईकलेक्टर शिवम वर्मा से मंगलवार को राज्य प्रशासनिक सेवा के तहत चयनित 24 नए प्रशिक्षु डिप्टी कलेक्टरों ने कलेक्टर कार्यालय में मुलाकात की। इंदौर में प्रशिक्षण हेतु आए 24 डिप्टी कलेक्टर जनसुनवाई में भी उपस्थित रहे। उन्हें शहर की समस्याओं, जन अपेक्षाओं और प्रशासनिक समाधान प्रक्रिया से रूबरू कराया गया, ताकि वे अपने-अपने जिलों में बेहतर जनसुनवाई प्रणाली लागू कर सकें। कलेक्टर वर्मा ने उन्हें प्रशासनिक व्यवस्थाओं और अपने अनुभवों के बारे में बताया। वर्मा ने कहा कि वे अपने-अपने जिलों में जनकल्याण के कार्यों और सुशासन पर विशेष ध्यान दें। मानवीय संवेदनाओं का ध्यान रखते हुए अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें।
हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

